समृद्धि न्यूज। पश्चिम बंगाल के दार्जिलिंग में भूस्खलन से २० लोगों की जान चली गई है, सडक़ें टूट गईं और सिक्किम से संपर्क कट गया है। वहीं, भूटान की वांगचू नदी का जलस्तर बढऩे से उत्तर बंगाल में बाढ़ का खतरा मंडरा रहा है, पीएम और राष्ट्रपति ने दार्जिलिंग आपदा पर दुख जताया है, राहत कार्य जारी हैं।
उत्तर बंगाल और सिक्किम में लगातार हो रही भारी बारिश ने तबाही मचा दी है। दार्जिलिंग और कालिम्पोंग जिलों में पुल टूटने, भूस्खलन और बाढ़ से अब तक 20 लोगों की मौत हो चुकी है, जबकि कई लोग लापता हैं। प्रशासन ने आशंका जताई है कि मृतकों की संख्या और बढ़ सकती है। इस मूसलाधार बारिश से सबसे ज्यादा नुकसान दार्जिलिंग, कालिम्पोंग और सिक्किम में हुआ है। बारिश के चलते मिरिक और सुकिया इलाके में कई जगह भूस्खलन हुआ है। दार्जिलिंग जिले के मिरिक में लैंडस्लाइड से कम से कम छह लोगों की मौत हो गई है। सडक़ों पर कई जगह मलबा जम गया है और यातायात पूरी तरह बाधित है। सिक्किम से संपर्क टूट गया है। राज्य के अलग-अलग इलाकों में हो रही भारी बारिश और भूटान की वांगचू नदी का बढ़ता जलस्तर बंगाल के लोगों के लिए मुश्किल बन सकता है। भूटान के अधिकारियों ने चेताया है कि वांगचू नदी का जल बांध के ऊपर बह रहा है।
लगातार नदी का जलस्तर बढऩे की वजह से उत्तरी बंगाल में बाढ़ का खतरा बढ़ सकता है। भूटान ने इस संबंध में बंगाल सरकार से किसी भी स्थिति के लिए तैयार रहने को कहा है। भूटान के थिम्पू स्थित राष्ट्रीय जल विज्ञान एवं मौसम विज्ञान केंद्र ने चेताया है कि ड्रूक ग्रीन पावर कॉर्पोरेशन से जानकारी मिली है कि ताला हाइड्रोपावर बांध के गेट नहीं खुल पाए हैं, जिसकी वजह से नदी का पानी बांध के ऊपर बह रहा है, ड्रुक ग्रीन पावर कॉर्पोरेशन जलविद्युत स्टेशन भूटान में वांगचू नदी पर स्थित है, जिसे भारत में प्रवेश करने के बाद रैदक के नाम से जाना जाता है, वांगचू नदी बांग्लादेश में प्रवेश करने से पहले बंगाल से होकर बहती है।
वहीं भारी बारिश की वजह से तीस्ता, जलढाका और तोरसा नदियां का जलस्तर खतरे के निशान से ऊपर बह रहा है।् मौसम विभाग ने बारिश और बाढ़ को लेकर रेड अलर्ट जारी किया है। सडक़ मार्ग बहने की वजह से सिलीगुड़ी-मिरिक का सीधा संपर्क टूट गया है। वहीं भारी बारिश और तेज बहाव की वजह से दुधिया पुल टूट गया है। ऋषिखोला और पेडांग में भूस्खलन के कारण कई सडक़ों पर वाहनों की आवाजाही पर रोक लगा दी गई है।
वहीं अलीपुरद्वार रेल मंडल के अंतर्गत उत्तर बंगाल में लगातार हो रही भारी बारिश और ट्रैक पर पानी बहने के कारण पूर्वोत्तर सीमा रेलवे (एनएफआर) ने कई ट्रेनों को डायवर्ट (मार्ग परिवर्तन), रद्द और आंशिक रूप से रद्द करने का निर्णय लिया है। मुख्य जनसंपर्क अधिकारी, पूर्वोत्तर सीमा रेलवे, कपिंजल किशोर शर्मा ने इसकी जानकारी दी।
पीएम ने जताया दुख
पीएम मोदी ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म एक्स पर एक पोस्ट शेयर कर लिखा कि दार्जिलिंग में एक पुल दुर्घटना में हुई जान-माल की हानि से अत्यंत दु:खी हूं। जिन लोगों ने अपने प्रियजनों को खोया है, उनके प्रति संवेदना, मैं घायलों के शीघ्र स्वस्थ होने की कामना करता हूं,् आगे लिखा कि भारी बारिश और भूस्खलन के मद्देनजर दार्जिलिंग और आसपास के इलाकों की स्थिति पर कड़ी नजऱ रखी जा रही है। सरकार प्रभावित लोगों की हर संभव मदद करने के लिए प्रतिबद्ध हैं।
