एसपी के आदेश पर मुकदमा दर्ज, युवती ने खाया जहरीला पदार्थ हालत गंभीर
फर्रुखाबाद, समृद्धि न्यूज। एक वर्ष पूर्व बने सिपाही पर युवती ने शादी के नाम पर कई वर्षों से शारीरिक शोषण करने व दहेज की मांग पूरी न होने पर मना कर देने के मामले में पीडि़ता ने पुलिस अधीक्षक से न्याय की गुहार लगायी। एसपी के आदेश पर पुलिस ने आरोपी सहित तीन लोगों के विरुद्ध मुकदमा दर्ज कर लिया।
जानकारी के अनुसार कोतवाली फतेहगढ़ के ग्राम निवासी पीडि़ता ने पुलिस अधीक्षक को दी तहरीर में दर्शाया कि उसके पुत्री लगभग ढाई वर्ष से पुलिस विभाग में एक वर्ष पूर्व सिपाही के पद पर तैनात सुबोध उर्फ भानु पुत्र आसाराम निवासी भरखा थाना राजेपुर शादी का लालच देकर जबरियन लगातार शारीरिक शोषण करता चला रहा है। इसकी जानकारी मेरी पुत्री ने मुझे दी कि सुबोध की नौकरी पुलिस विभाग में 1 वर्ष पूर्व लग चुकी है। जिसके बाद मैने बात कर भानू को बतौर रुकाई के रुप में दान स्वरूप उपहार में करीब 5० हजार रुपये 6 माह पूर्व दिए थे। सुबोध हर दिन पुत्री को झासी का झांसा देकर बतौर पत्नी के रुप में उसके साथ व्यवहार करता रहा और वीडियो कॉल भी करता था। जिसकी सारी रिकॉर्डिंग व मैसेज मेरी पुत्री के पास उपलब्ध है। मेरी पुत्री को फोन पर सुबोध के पिता आशाराम व उसकी मां ने कहां कि मेरे लडक़े को शादी में 15 लाख रुपए मिल रहे हैं हम तुम्हारे साथ अपने लडक़े का विवाह नहीं करेंगे और मना कर दिया। इससे मेरी पुत्री सदमे में आ गयी और 18 अक्टूबर करीब 3 बजे जान देने उद्देश्य से जहरीला पदार्थ खा लिया। घटना की जानकारी होने पर पुत्री को मसेनी स्थित एक अस्पताल में ले जाकर भर्ती कराया। जहां उसकी हालत गंभीर बनी हुई है। शादी के नाम पर सुबोध शारीरिक शोषण करता रहा। 15 लख रुपए की मांग की। अब शादी से मुकर रहा है। पुलिस अधीक्षक के आदेश पर फतेहगढ़ पुलिस ने सिपाही सुबोध, उसके पिता व मां के विरुद्ध धारा 376, 498ए, दहेज अधिनियम की धारा 3/4 के तहत मुकदमा दर्ज कर जांच पड़ताल शुरू कर दी।
