फर्रुखाबाद, समृद्धि न्यूज। चैत्र नवदुर्गा के छठवें दिन नगर के देवी मंदिरों में भक्तों की भारी भीड़ उमड़ती रही। भक्तों ने मंदिर में पहुंचकर दुर्गा देवी के छठवें स्वरुप कात्यायनी का पूजन किया। लोगों ने उपवास रखकर मां की उपासना की। शीतला माता मंदिर में देवी जागरण का आयोजन किया गया। जिसमें महिलाओं ने बढ़-चढक़र भाग लिया।
माँ दुर्गा के छठे स्वरूप का नाम कात्यायनी है। उस दिन साधक का मन आज्ञा चक्र में स्थित होता है। योगसाधना में इस आज्ञा चक्र का अत्यन्त महत्वपूर्ण स्थान है। इनकी उपासना और आराधना से भक्तों को बड़ी सहजता से अर्थ, धर्म, काम और मोक्ष चारों फलों की प्राप्ति होती है। उसके रोग, शोक, संताप और भय नष्ट हो जाते हैं। जन्मों के समस्त पाप भी नष्ट हो जाते हैं। रविवार को पूजन करने के लिए देवी मंदिरों पर सुबह से लेकर शाम तक भक्तों का आना-जाना लगा रहा। नगर के पल्ला मठिया मंदिर, गुरगांव देवी मंदिर, महाकाल मंदिर, काली देवी मंदिर मऊदरवाजा, बढ़पुर स्थित शीतला देवी मंदिर, संतोषी माता मंदिर, भोलेपुर स्थित वैष्णोदेवी मंदिर, फतेहगढ़ के कालीबाड़ी मंदिर सहित नगर के कई छोटे-बड़े सभी मंदिरों में पहुंचकर भक्तों ने माथा टेंका और माता कात्यायनी की पूजा अर्चना कर सर्वमंगल की कामना की। शीतला माता मंदिर में भंडारा का आयोजन किया गया। जिसमें भक्तों ने पहुंचकर प्रसाद ग्रहण किया। वहीं घरों में व्रत रखे भक्तों ने मां की पूरे आराधना की। शाम को महिलाओं ने भजन कीर्तन किये। मंदिरों से बज रहे घंटा घडिय़ालों की धुन से नगर का माहौल पूरी तरह आध्यात्मिक नजर आया। सुरक्षा की दृष्टि से मंदिरों पर पुलिस तैनात रही। जो हर आन वाले पर अपनी पैनी नजर बनाये रही। गुरगांव देवी मंदिर पर लगे मेले में महिलाओं ने घरेलू सामान व पूजा सामग्री की खरीददारी की।
नवदुर्गा के छठवें दिन देवी मंदिरों में उमड़ी भक्तों की भारी भीड़
