सेवा केंद्र पर मनाया गया ब्रह्माबाबा का पुण्य स्मृति दिवस
फर्रुखाबाद, समृद्धि न्यूज। प्रजापिता ब्रह्माकुमारी ईश्वरी विश्व विद्यालय ओमनिवास जटवारा जदीद सेवा केंद्र पर ब्रह्माकुमारी संस्थान के साकार संस्थापक पिता ब्रह्मा बाबा का 56वां पुण्य स्मृति दिवस विश्व शांति दिवस के रूप में मनाया गया। ब्रह्माकुमारी शोभा बहन ने आदि देव ब्रह्मा बाबा की विशेषताएं बताते हुए कहा कि हम सबको सदैव श्रेष्ठ कर्म करने चाहिए, क्योंकि श्रेष्ठ कर्म वर्तमान और भविष्य दोनों को श्रेष्ठ बना देता है। 18 जनवरी 1969 का एक ऐसा दिन था जिस दिन प्रजापिता ब्रह्मा ने अपनी संपूर्ण अवस्था को प्राप्त किया। वह मिट्टी का देश छोडक़र फरिश्ता बन गए। बाबा ने सारी बागडोर बहनों के हाथ में रखे सर्वात्मा को एक कठपुतली की तरह चलाता रहता था और बाबा कहते थे कि अगर किसी प्रकार का बोझ है तो आप को दे दो ना ब्रह्मा बाप ने सबकी अच्छाई को देखा तो मुझे भी सबकी अच्छाई गुणो को देखना है। जीवन की सभी समस्याओं का समाधान है सकारात्मक विचार इसी सोच से भारत फिर से एक विश्व गुरु बनेगा।
डॉ0 गंगा सिंह ने कहा कि दादा लेखराज से प्रजापिता ब्रह्मा नाम शिवबाबा ने दिया और साथ-साथ सर्व शक्तियां भी उनमें भर दी थी, वह एक हीरो के महान व्यापारी थे। अभिलाख सिंह ने कहा कि ब्रह्माकुमारी संस्था से ही होगा युगपरिवर्तन त्याग तपस्या और सेवा भाव रखना अपने आप में एक तपस्या है। जिससे जीवन के सारे दुख दूर होते है। पूनम बहन ने कहा कि ब्रह्मा बाबा रोज सवेरे अपने बच्चों को खत लिखना था हर बच्चे का जवाब देता था। कु0 खुशी ने कहा कि सबके प्रति प्रेम ही जीवन में वाह वाह का आधार है। एकता बहन ने कहा कि हमें अपना आपसी व्यवहार ब्रह्मा बाप समान रखना चाहिए क्योंकि व्यवहार से ही भावनाओं का विशेष महत्व होता है। कु0 आकांक्षा ने कहा कि ब्रह्माबाबा सब बच्चों का बहुत ध्यान रखते थे और हर चीज बाबा ने अपने बच्चों को करके सिखाया। इस मौके पर सभी भाई बहनों ने अपने-अपने विचार व्यक्त किये। ब्रह्मा बाबा की विशेषताओं को सभी ने विभिन्न प्रकार से उजागर किया और उन पर चलने का संकल्प लेते हुए भावपूर्वक श्रद्धांजलि अर्पित की।
श्रेष्ठ कर्म वर्तमान और भविष्य दोनों को श्रेष्ठ बना देता है: बीके शोभा बहन
