मुकदमा दर्ज होने के बाद जूना अखाड़ा के संत हैं प्रशासन से खफा
फर्रुखाबाद, समृद्धि न्यूज। जूना अखाड़ा के महंत पर मुकदमा दर्ज होने से खफा महाकुंभ से लौटे सन्त ने फांसी लगाकर जान देने का किया प्रयास किया। हालत नाजुक होने पर उन्हें लोहिया अस्पताल में भर्ती कराया गया।
मेला श्री रामनगरिया में संतों के दो गुटों में चल रहे विवाद के बाद श्री पंचदस नाम जूना अखाड़ा के महंत बलवंत गिरी थानापति ने सोमवार को आत्महत्या करने की कोशिश की। बताया जाता है कि मुकदमा दर्ज होने के बाद संत ने ऐसा कदम उठाया है। बलवंत गिरी की हालत नाजुक होने पर राम मनोहर लोहिया जिला अस्पताल में भर्ती कराया गया है। लगातार जिला प्रशासन महात्मा संतों से बातचीत कर रहा था और बराबर आश्वासन देता रहा। जिससे क्षुब्ध होकर संत बलवंत गिरी ने फांसी लगाकर आत्महत्या का प्रयास किया। बताते चलें कि जिलाधिकारी पिछले २४ घंटे से सत्यगिरि को मनाने में जुटे थे। उनके जिन्दा समाधि लेेने की चेतावनी के बाद प्रशासन हरकत में आया। बताते चलें कि बलवंत गिरी कुंभ से लौटकर आए थे और 5:30 बजे शाम सत्यगिरि के आश्रम के बाहर कुटिया में फांसी लगाई। हालत नाजुक होने पर उन्हें लोहिया अस्पताल में भर्ती कराया गया।
जूना अखाड़े के संत ने फांसी लगाकर किया आत्महत्या का प्रयास
