चीन में डिप्लोमेसी का नया चैप्टर, एक मंच पर मोदी, पुतिन और जिनपिंग

मतभेदों को विवाद में नहीं बदलना चाहिए: विक्रम मिस्री
समृद्धि न्यूज। चीन के तियानजिन में ग्लोबल डिप्लोमेसी का एक नया चैप्टर देखने को मिला। एससीओ समिट के मंच पर प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी, रूस के राष्ट्रपति व्लादिमीर पुतिन और मेजबान चीन के राष्ट्रपति शी जिनपिंग एक साथ दिखे। गु्रप फोटो सेशन के दौरान एससीओ के सभी सदस्य एक मंच पर एक साथ मौजूद थे। एससीओ समिट के मंच पर जब पीएम मोदी पहुंचे तो चीन के राष्ट्रपति शी जिनपिंग ने उनका स्वागत कियाण्। इस दौरान उनकी पत्नी भी साथ थीं। फोटो सेशन के बाद पीएम मोदी ने जिनपिंग और उनकी पत्नी से हाथ मिलाया। इस दौरान दोनों नेताओं के चेहरे पर खुशी थी। पीएम मोदी और पुतीन के बीच ताजिकिस्तान और किर्गिजस्तान के राष्ट्रपति हैं। एससीओ गु्रप फोटो सेशन पर पूरी दुनिया की नजर थी। ेजिनपिंग से मुलाकात के बाद पीएम मोदी ने कई मालदीव, नेपाल सहित कई देशों के नेताओं से मुलाकात की। पीएम मोदी का यह चीन दौरा सात साल बाद हो रहा है। दस महीनों में शी जिनपिंग से उनकी यह दूसरी मुलाकात है। पिछली मुलाकात ब्रिक्स 2024 सम्मेलन (कजान रूस) में हुई थी।

पीएम मोदी ने शहबाज शरीफ., र्दोगन से बनाई दूरी

एससीओ में भारत ने जो कूटनीति दिखाई ह, उसकी खूब चर्चा हो रही है। चीन के तियानजिन में एससीओ के सभी सदस्य एक मंच पर एक साथ मौजूद थे। इसके बाद गु्रप फोटो सेशन हुआ। फोटो सेशन के बाद पीएम मोदी ने पाकिस्तान और तुर्किए को छोड़ सभी देशों के नेताओं से मुलाकात की। इस दौरान उन्होंने पाक पीएम शहबाज शरीफ और तुर्किए के राष्ट्रपति रेचेप तैयप एर्दोगन से दूरी बनाए रखी। फोटो सेशन के बाद प्रधानमंत्री मोदी ने नेपाल के प्रधानमंत्री केपी शर्मा ओली, ताजिकिस्तान के राष्ट्रपति इमोमाली रहमान, इजिप्ट पीएम मुस्तफा मदबौली, बेलारूस के राष्ट्रपति समेत कई नेताओं से मुलाकात की, लेकिन उन्होंने शहबाज और एर्दोगन को नजरअंदाज किया। पहलगाम आतंकी हमले के बाद भारत और पाकिस्तान के रिश्ते और ज्यादा बिगड़ गए हैं। वहीं तुर्किए ऑपरेशन सिंदूर के खिलाफ था।

पीएम मोदी ने जिनपिंग को ब्रिक्स समिट का न्योता दिया

प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी चीन दौरे पर हैं। इस दौरान उन्होंने राष्ट्रपति शी जिनपिंग से मुलाकात कर कई अहम मुद्दों पर बात की। इसके साथ ही पीएम मोदी ने जिनपिंग को ब्रिक्स समिट का न्योता भी दिया। शी ने निमंत्रण स्वीकार किया और भारत की ब्रिक्स अध्यक्षता को पूरा समर्थन देने का भरोसा दिलाया।

राष्ट्रपति शी जिनपिंग ने दिए चार सुझाव

पीएम मोदी से मुलाकात के दौरान चीनी राष्ट्रपति शी जिनपिंग ने रिश्तों को मजबूत करने के लिए चार सुझाव दिए। प्रधानमंत्री मोदी ने इन सुझावों का स्वागत किया।

  • रणनीतिक संवाद और आपसी विश्वास बढ़ाना।
  • सहयोग और आदान-प्रदान का विस्तार करना।
  • एक-दूसरे की चिंताओं का सम्मान करना।
  • बहुपक्षीय मंचों पर मिलकर काम करना।

पीएम मोदी और जिनपिंग की बातचीत में उठा सीमा का मुद्दा

विदेश सचिव ने आगे बताया कि बातचीत में सीमा मसला भी सामने आया। प्रधानमंत्री मोदी ने स्पष्ट किया कि सीमावर्ती इलाकों में शांति और स्थिरता, दोनों देशों के संबंधों की प्रगति के लिए अनिवार्य है। दोनों नेताओं ने पिछले साल हुई सफल डिसएंगेजमेंट (हटाव) और सीमा पर शांति बनाए रखने के प्रयासों को सकारात्मक माना।

विदेश सचिव विक्रम मिस्री ने आगे कहा कि दोनों नेताओं का मानना था कि भारत और चीन के साझा हितए मतभेदों से कहीं ज्यादा बड़े हैं और मतभेदों को विवाद में नहीं बदलना चाहिए। प्रधानमंत्री मोदी और राष्ट्रपति शी ने सहमति जताई कि अगर एशिया को एशियाई शताब्दी बनाना है और बहुधु्रवीय विश्व व्यवस्था को आगे बढ़ाना है, तो भारत और चीन का सहयोग बेहद जरूरी है।

म्यांमार के वरिष्ठ जनरल मिन आंग ह्लाइंग से मिले पीएम मोदी

प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने चीन दौरे पर हैं। इस दौरान उन्होंने म्यांमार के वरिष्ठ जनरल मिन आंग ह्लाइंग से मुलाकात की।

 

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