समृद्धि न्यूज। गाजीपुर के नोनहरा थाना इलाके में कथित तौर पर लाठीचार्ज में बीजेपी कार्यकर्ता की मौत के मामले में एसपी ने 12 पुलिसकर्मियों के खिलाफ एक्शन लिया है।
जानकारी के मुताबिक, गाजीपुर के गठिया गांव में बिजली के खंभे लगाने के विरोध में धरने पर बैठे दिव्यांग भाजपा कार्यकर्ता सियाराम उपाध्याय की पुलिस पिटाई से मौत हो गई थी। ग्रामीणों का आरोप है कि पुलिस ने लाठीचार्ज के दौरान उन्हें बुरी तरह पीटा जिसके कारण उनकी मौत हो गई। घटना के बाद ग्रामीणों का गुस्सा फूट पड़ा और उन्होंने मुआवजे और दोषियों के खिलाफ कार्रवाई की मांग की।
पुलिस अधीक्षक ईरज राजा ने बताया कि नोनहरा क्षेत्र में नौ सितंबर को एक प्रकरण संज्ञान में आया था। जिसमें एक ग्राम प्रधान और एक पूर्व प्रधान के बीच बिजली के खंभे लगाने को लेकर विवाद था। इसके बाद एक पक्ष के 20-25 लोग थाने में आकर बैठ गए थे। उन्हें बहुत समझाया गया। मगर वे नहीं माने। रात में बिजली जाने के कारण कुछ अफरातफरी मची और इसके कारण इनको तत्काल वहां से जाने को कहा गया तो फिर इसके बाद वे लोग वहां से चले गए थे। कोई लाठीचार्ज नहीं हुआ था। पुलिस अधीक्षक का कहना है कि सूचना मिली कि थाने में भीड़ के साथ पहुंचे सियाराम उपाध्याय (35) नामक एक व्यक्ति की मृत्यु हुई है। मामले की मजिस्ट्रियल जांच के लिए जिलाधिकारी को पत्र लिखा गया है। पीडि़त पक्ष के आवेदन पर शव का चिकित्सकों के पैनल द्वारा पोस्टमार्टम कराया जा रहा है। पोस्टमार्टम में मिले तथ्यों के आधार पर आगे भी विधिक कार्रवाई की जाएगी।
ग्रामीणों के अनुसार नोनहरा थाने पर धरना के दौरान बर्बरता पूर्वक पुलिस पिटाई में घायल दिव्यांग भाजपा कार्यकर्ता सियाराम उर्फ जोखू उपाध्याय निवासी चकरूकंदीपुर की मौत हो गई। लाठी चार्ज के दौरान भागते समय सियाराम उपाध्याय गिर गए, जिन्हें पुलिसकर्मियों ने घेरकर लाठियां बरसाईं और लहूलुहान हालत में उनके घर के आगे फेंक गए। उनका पूरा शरीर पिटाई से काला पड़ गया था। पुलिस पिटाई के बाद डर के कारण ठीक से उपचार भी नहीं हो पाया। ग्रामीणों ने नोनहरा थानाध्यक्ष समेत पूरे थाने के सिपाहियों को बर्खास्त करने के साथ ही हत्या का मुकदमा दर्ज किया जाए। मुआवजा के साथ ही पीडि़त परिवार को सरकारी नौकरी दी जाए। सांत्वना जताने पहुंचे भाजपा जिलाध्यक्ष ओमप्रकाश राय, कृष्ण बिहारी राय, बृजेंद्र राय, भानुप्रताप सिंह, कृष्णबिहारी राय, पीयूष राय, पूर्व सांसद राधेमोहन सिंह समेत कई नेता को भी जनपद में बेलगाम पुलिस के अमानवीय व्यवहार पर ग्रामीणों के गुस्से का शिकार होना पड़ा। ग्रामीणों ने खूब खरी खोटी सुनाई। देर शाम पुलिस अधीक्षक डा0 ईरज राजा के गांव पहुंचने पर भी उग्र भीड़ ने नारेबाजी की।
निलंबित किये गये पुलिस कर्मी
निलंबित पुलिस कर्मियों में नोनहरा थाना प्रभारी निरीक्षक वेंकटेश तिवारी, उपनिरीक्षक अवधेश कुमार राय, मुख्य आरक्षी नागेंद्र सिंह यादव, आरक्षी धीरज सिंह, आरक्षी अभिषेक पांडेय और आरक्षी राकेश कुमार थाना नोनहरा शामिल है।
लाइन हाजिर पुलिसकर्मी
उप निरीक्षक कमलेश गुप्ता, थाना नोनहरा जनपद गाजीपुर
उप निरीक्षक जुल्फिकार अली, थाना नोनहरा जनपद गाजीपुर
आरक्षी मुलायम सिंह, थाना नोनहरा जनपद गाजीपुर
आरक्षी राघवेंद्र मिश्र, थाना नोनहरा जनपद गाजीपुर
आरक्षी राजेश कुमार, थाना नोनहरा जनपद गाजीपुर
