गायत्री इंटरनेशनल विद्यालयों के बच्चों ने सिखलाई का देखा संग्रहालय
फर्रुखाबाद, समृद्धि न्यूज। राजपूत व सिख लाइट रेजीमेंटल सेंटर में राष्ट्रगीत वंदे मातरम के 150 वर्ष पूरे होने का उत्सव गर्व और श्रद्धा के साथ मनाया गया। इस ऐतिहासिक अवसर पर वंदे मातरम का सामूहिक गायन आयोजित किया गया।
इस अवसर पर अधिकारियों जूनियर कमीशंड अधिकारियों, सैनिकों तथा अनिवीरों ने अत्यंत उत्साह और देशभक्ति के साथ भाग लिया। सैन्य कर्मियों की भागीदारी ने इस आयोजन को भव्य और सफल बना दिया, जिससे एकता अनुशासन और राष्ट्र की सांस्कृतिक विरासत के प्रति सम्मान झलका।
सिख लाइट इन्फैंट्री रेजिमेंटल सेंटर के वार मेमोरियल में वंदे मातरम् के 150 वर्ष पूरे होने पर कार्यक्रम का आयोजन किया गया। सेंटर कमांडेट सिखलाइट इनफैंट्री सेंटर के ब्रिगेडियर मनीष जैन ने कार्यक्रम में आये बच्चों की हौसला आफजाई की और उनके साथ संग्रहालय देखा। उन्होंने बताया कि राष्ट्रगान और राष्ट्रीय गीत दोनों ही संविधान और संस्कृति के प्रतीक हैं।
उन्होंने सभी अपील की कि ऐसे आयोजनों के माध्यम से नई पीढ़ी को इतिहास और मूल्यों से जोड़ा जाए। वंदे मातरम भारत माता के प्रति आस्था और सम्मान का प्रतीक है। उन्होंने युवाओं को राष्ट्र निर्माण में सक्रिय योगदान देने का आवाह्न किया। राष्ट्रीय गीत के 150 वर्ष पूरे होने को एक महत्वपूर्ण अवसर बताया। कार्यक्रम गायत्री इंटर नेशनल विद्यालय के जूनियर कक्षा के करीब डेढ़ सौ बच्चों ने भाग लिया। इस दौरान बच्चों द्वारा लगाये गये जय हिंद के उद्घोष से कार्यक्रम स्थल गूंज उठा। इस अवसर पर सैन्य अधिकारी के अलावा विद्यालय स्टाफ मौजूद रहा।
वहीं वंदेमातरम के 150 वर्ष पूर्ण होने पर राजपूत रेजीमेंटल सेंटर के करियप्पा वॉर मेमोरियल में जब वंदे मातरम् के गूंजते स्वर वॉर मेमोरियल परिसर में प्रतिध्वनित हुए, तो वातावरण देशभक्ति और भावनाओं से भर उठा। कर्नल रोहित पंत डिप्टी कमांडेट राजपूत रेजीमेंटल सेंटर ने जवानों के सामूहिक प्रयास और उत्साह की सराहना की तथा कहा कि वंदे मातरम् आज भी हर भारतीय सैनिक की मातृभूमि के प्रति अटूट प्रेम और समर्पण का प्रतीक है। कार्यक्रम का समापन भारत माता की जय के जयघोष के साथ हुआ। जिससे सभी के हृदय देशभक्ति और गर्व से ओतप्रोत हो उठे।
