हरि को भजै सो हरि को होई, जाति-पाति पूछै नहि कोई.
फर्रुखाबाद, समृद्धि न्यूज। सूफी संत महात्मा रामचन्द्र की समाधि के सालाना जलसे में दूसरे दिन भी उनके अनुयायियों की भारी भीड़ उमड़ी। समाधि पर सजदा कर श्रद्धालुओं ने आन्तरिक अभ्यास(ध्यान) तथा सामूहिक शांति पाठ में भाग लिया। महात्मा रामचन्द्र की याद में डूबकर स्वयं को रुहानी ताकत से जोडऩे का अभ्यास किया।फतेहगढ़ नवदिया क्षेत्र में…
