विद्यालयों के कायाकल्प पर खर्च धनराशि का 75 प्रतिशत हिस्सा व्यय करेगी सरकार
फर्रुखाबाद, समृद्धि न्यूज। प्रोजेक्ट अलंकार योजना के हिस्सा व्यय तहत सरकार अब प्रदेश के अशासकीय सहायता प्राप्त (एडेड) माध्यमिक विद्यालयों का भी सुंदरीकरण करेगी। अब सरकार केवल राजकीय विद्यालय को सुंदरीकरण हेतु बजट आवंटित करती थी। अपर मुख्य सचिव के आदेश के बाद जिला विद्यालय निरीक्षकों ने प्रदेश के एडेड माध्यमिक विद्यालयों के प्रधानाचार्यों से प्रस्ताव मांगे है। प्राप्त जानकारी के मुताबिक वर्ष 2022 में प्रोजेक्ट अलंकार योजना के अन्तर्गत ऐसे एडेड विद्यालयों की सूची मांगी गई थी। जिनकी बिल्डिंग 75 वर्ष पुरानी हो गई हो और उसके सौन्दरीकरण पर खर्च होने वाली धनराशि का 50 प्रतिशत विद्यालय तथा 50 प्रतिशत सरकार खर्च करेगी। परन्तु अब सरकार ने ऐसे सभी एडेड विद्यालयों कर सूचना भेजने के निर्देश दिये गये है। जो जर्जर अवस्था में है विद्यालयों के सुंदरीकरण के नाम पर खर्च होने वाली धनराशि का 50 प्रतिशत के बजाय अब 75 प्रतिशत धनराशि सरकार खर्च करेगी और २५ प्रतिशत धनराशि विद्यालय को खर्च करनी होगी। विद्यालयों को सरकार से मिलने वाली 75 प्रतिशत की धनराशि अधिक से अधिक 1.25 करोड़ से ज्यादा नहीं होगी। अपर मुख्य सचिव दीपक कुमार ने प्रदेश के सभी डीआईओएस को आदेश दिये है कि 75 वर्ष की अवधि पूरी करने वाले विद्यालयों के अलावा जो विद्यालय जर्जर अवस्था में है, उनकी प्रस्ताव बनाकर भेजा जाये। राज्य पाल पुरस्कार प्राप्त शिक्षिका आदेश गंगवार ने एडेड कालेजों के सुंदरीकरण हेतु सरकार की पहल का स्वागत किया है। उन्होंने कहा कि जर्जर विद्यालयों का सुंदरीकरण होने से विद्यार्थियों को व्यक्तित्व का विकास होगा।
