फर्रुखाबाद, समृद्धि न्यूज। अपर जिला जज एवं सत्र न्यायाधीश विशेष पॉक्सो एक्ट न्यायाधीश डॉ0 अनिल कुमार सिंह ने नन्हीं पत्नी सुभाष निवासी सोरा कोठी मन्नीगंज कादरीगेट, सुधीर वर्मा पुत्र दिनेश निवासी मन्नीगंज कादरीगेट को दोषी करार देते हुए न्यायिक हिरासत लेकर सुधीर वर्मा को आजीवन कारावास व 46 हजार रुपए के अर्थदंड दंडित किया व नन्हीं देवी को दस वर्ष का कारावास व 36 हजार रुपए के अर्थदंड से दंडित किया गया है।
बीते वर्ष पूर्व एक रिक्शा चालक ने पुलिस को दी गई तहरीर में बताया कि मेरे चार बच्चे हैं। जिसमें एक पुत्री व तीन पुत्र हैं। पुत्र दुकानों पर नौकरी करते हंै। मेरी 14 वर्षीय पुत्री घर पर रहती है। दिनांक 11 या 12 अप्रैल 2024 तारीख याद नहीं है, समय लगभग 12 बजे मेरी मौजूदगी में मेरे पड़ोस में रहनी वाली महिला नन्हीं पत्नी सुभाष बाथम व सुधीर वर्मा मेरी पुत्री को घर में बहला ्रफुसलाकर लालच देकर अपने साथ ग्राम अमेठी फर्रुखाबाद में अपने बहनोई के मकान में ले गई। वहां पर सुधीर ने मेरी पुत्री को धमकाकर गलत काम किया और नन्हीं ने वीडियो बनाया तथा मेरी पुत्री को घर पर छोड़ दिया। उक्त लोगों ने दोबारा उसी जगह पर चलने का दबाव बनाया और वीडियो वायरल करने की धमकी दी। घटना की जानकारी मेरी पुत्री ने मुझे दी। पुलिस ने तहरीर के आधार पर मुकदमा दर्ज कर लिया। विवेचक ने साक्ष्य गवाह के आधार पर न्यायलय में आरोप पत्र दाखिल कर दिया। बचाव पक्ष की दलील व शासकीय अधिवक्ता प्रदीप सिंह, विकास कटियार की पैरवी के आधार पर न्यायाधीश डॉ0 अनिल कुमार सिंह ने सुधीर वर्मा को आजीवन कारावास व 46 हजार रुपए के अर्थदंड से दंडित किया। वहीं नन्हीं देवी को दस वर्ष का कारावास व 36 हजार रुपए के अर्थदंड से दंडित किया।
पॉक्सो एक्ट में युवक को आजीवन व वीडियो बनानी वाली महिला को दस वर्ष का कारावास
