बुलंदशहर: बुलंदशहर में एक दारोगा पर गैंगरेप पीडि़ता ने बेहद गंभीर आरोप लगाए हैं। पीडि़ता का आरोप है कि दारोगा ने उसके साथ 2 दिन में 5 बार रेप किया और पति को रिहा करने के बदले 50 हजार रुपए रिश्वत ली। गैंगरेप पीडि़ता ने दो दारोगाओं इकराम और शुभम राठी पर शोषण, धमकी और भ्रष्टाचार के आरोप लगाए हैं। मामला सामने आने के बाद विभागीय और उच्चस्तरीय स्तर पर जांच के आदेश दिए जा चुके है, जबकि वायरल ऑडियो क्लिप्स ने पूरे प्रकरण को और भी विवादित बना दिया है। पीडि़ता के मुताबिक, वर्ष 2024 में तीन युवकों ने उसे कोल्ड ड्रिंक में नशीला पदार्थ मिलाकर बेहोश कर दिया और उसके बाद अगवा कर सामूहिक दुष्कर्म किया और आरोपियों ने बाद में उसका धर्म परिवर्तन भी कराया। पीडि़ता ने मुकदमा दर्ज कराया था, लेकिन केस दर्ज होने के बावजूद उसे न्याय नहीं मिल सका और कार्रवाई बेहद धीमी रही। जांच अधिकारी दारोगा इकराम ने केस में मदद का झांसा देकर उसके साथ जबरन संबंध बनाए। उसने कहा कि पुलिस की वर्दी का खौफ और केस बिगाडऩे की धमकी देकर दारोगा ने कई बार उसका शोषण किया। सोशल मीडिया पर दारोगा और पीडि़ता से जुड़े कई आरोपित आपत्तिजनक ऑडियो क्लिप भी वायरल हुए हैं, जिनकी सत्यता की जांच के लिए पुलिस विभाग ने एक अलग एन्क्वायरी शुरू कर दी है।
पीडि़ता ने आरोप लगाया कि जब उसके पति ने न्याय की मांग की तो दारोगा ने उसे कोतवाली बुलाकर हवालात में बंद कर दिया और पीटा। इसके अलावा उस पर 50 हजार रुपये की रिश्वत की मांग की गई और डीआईजी से शिकायत करने पर फर्जी मुकदमे में फंसाने की धमकी दी गई। जब महिला ने पति को छोडऩे की गुहार लगाई तो दरोगा ने कोतवाल के नाम पर 50 हजार रुपए की रिश्वत मांगी। रिश्वत देने के बाद दरोगा ने महिला से कॉपरेट करने को कहा। इसके बाद वह उसे एक होटल में ले गया और कई बार रेप किया। पीडि़ता के अनुसार, दरोगा ने दो दिन में पांच बार उसके साथ रेप किया।
बुलंदशहर: गैंगरेप पीडि़ता से दरोगा ने किया रेप, पति को रिहा करने के लिए मांगे 50 हजार
