फर्रुखाबाद, समृद्धि न्यूज। पूर्व विदेश मंत्री सलमान खुर्शीद की पत्नी लुईस खुर्शीद की ओर से अपने अधिवक्ता के माध्यम से एमपी/एमएलए कोर्ट में जमानत याचिका दाखिल की। जिसे अपर मुख्य न्यायिक मजिस्टे्रट ज्ञानेन्द्र कुमार जमानत प्रार्थना पत्र को स्वीकार किया तथा न्यायिक मजिस्टे्रट ने यह भी आदेश दिया कि अभियुक्ता लुईस खुर्शीद द्वारा 20 हजार धनराशि का स्वयं का बंध पत्र एवं समान धनराशि के दो प्रतिभूपत्र निष्पादित करने पर उक्त मामले में जमानत पर रिहा किया जाता है।
अभियुक्ता लुईस खुर्शीद के अधिवक्ता की ओर से धारा 43,46 के मामले में जमानत प्रार्थना पत्र प्रस्तुत किया गया। अभियुक्ता उपरोक्त आत्मसमर्पण कर न्यायिक अभिरक्षा में है।

अभियुक्ता की ओर से कथन किया गया कि उक्त प्रकरण में रंजिशन झूठा फंसाया गया है। उपरोक्त अपराध जमानतीय अपराध है। वह एक वृद्ध महिला और कई बीमारियों से ग्रसित है। अभियुक्ता द्वारा गवाहों को प्रभावित किये जाने की कोई आशंका नहीं है। सहायक अभियोजन अधिकारी द्वारा पृष्ठांकन किया गया कि लुईस खुर्शीद के विरुद्ध भवन एवं अन्य सन्निर्माण कर्मकार (नियोजन तथा सेवाशर्ते विनियम) अधि0 1996 एवं तत्सम्बन्धी उ0प्र0 नियमावली 2009 की धारा 43,46 नियम 45 का उल्लंघन किया गया है। अपराध जमानतीय है। अपर मुख्य न्यायिक मजिस्टे्रट ज्ञानेन्द्र कुमार जमानत प्रार्थना पत्र को स्वीकार किया तथा न्यायिक मजिस्टे्रट ने यह भी आदेश दिया कि अभियुक्ता लुईस खुर्शीद द्वारा 20 हजार धनराशि का स्वयं का बंध पत्र एवं समान धनराशि के दो प्रतिभूपत्र निष्पादित करने पर उक्त मामले में जमानत पर रिहा किया जाता है।
