फर्रुखाबाद, समृद्धि न्यूज। नाबालिग भाई बहन को स्कूल से ले जाकर अपहरण के मामले में अपर जिला जज विशेष गैंगेस्टर न्यायाधीश कक्ष-5 न्यायाधीश राकेश कुमार सिंह ने ब्रजेश कुमार पुत्र बलवीर सिंह निवासी ग्राम अलेहपुर शमशाबाद, ब्रजमोहन पुत्र भारत सिंह निवसी ग्राम कलार कादरीगेट को दोषी करार देते हुए न्यायिक हिरासत में लेकर आजीवन कारावास से दंडित किया है।
बीते 31 वर्षो पूर्व थाना कमालगंज क्षेत्र के ग्राम नगला किता निवासी राधेश्याम पुत्र दिवारी लाल ने 18 दिसम्बर 1993 को पुलिस को दी गयी तहरीर में बताया कि मेरा 6 वर्षीय पुत्र और 10 वर्षीय पुत्री महरूम कलर व सफेद कलर की ड्रेस पहनकर कमालगंज स्कूल गए हुए थे। रोजाना की भांति शाम तक घर वापस नहीं आये। हम परिवार के लोगों को चिन्ता हुई। उसके बाद दोनों की तलाश हेतु उनके स्कूल कमालगंज गया, तो स्कूल की अध्यापिका से पूछा तो बताया कि एक अज्ञात व्यक्ति जो काला पेंट तथा सफेद शर्ट पहने हुए था। वह यह कहकर ले गया आपके भाई अशोक, ब्रजमोहन का एक्सीडेंट हो गया है, जो अस्पताल में भर्ती हैं। मंैने बच्चों से पूछा तो बताया कि यह मेरे चाचा के लडक़े हैं।

जो कमालगंज डिग्री कालेज में पढ़ते। वह व्यक्ति उन दोनों बच्चों को साइकिल पर बैठाकर ले गया। काफी खोजबीन के बाद कुछ पता नहीं चला। किसी अज्ञात व्यक्ति ने पुरानी रंजिश के कारण जान से मारने की नियत से कहीं गायब कर रखा है। पुलिस ने तहरीर के आधार पर अज्ञात के विरुद्ध मुकदमा दर्ज कर लिया। विवेचना उपनिरीक्षक गुलाब सिंह के द्वारा प्रारम्भ की गई। अपहरण करने वाले आरोपियों ने चिट्टी के द्वारा फिरौती की मांग की। पुलिस ने आरोपियों के चंगुल से बच्चों को छुड़वाया। आरोपियों के पास दो झोला, एक साइकिल, एक इंजेक्शन बरामद हुआ। पुलिस ने ब्रजेश कुमार, ब्रजमोहन, अरविंद के विरुद्ध न्यायलाय में आरोप पत्र दाखिल कर दिया। मुकदमा विचारण के समय अरविंद की मृत्यु हो गयी। बचाव पक्ष की दलील व शासकीय अधिवक्ता कृष्ण कुमार पांडेय की पैरवी के आधार पर न्यायधीश राकेश कुमार सिंह ने ब्रजेश, ब्रजमोहन को दोषी करार देते हुए आजीवन कारावास व पचास हजार पचास हजार रूपए के अर्थदंड से दंडित किया।
