नोएडा: साइबर जालसाजों ने शेयर मार्केट में निवेश के नाम पर झांसा देकर आर्किटेक्ट से करीब 12 करोड़ की ठगी कर ली है। जालसाजों ने एप डाउनलोड कराकर वारदात को अंजाम दिया। जानकारी के मुताबिक, सेक्टर 47 के रहने वाले इंद्रपाल सिंह पेशे से कंसलटेंट का काम करते हैं। 17 अक्टूबर 2025 को पीडि़त के व्हाट्सऐप नंबर पर कियारा शर्मा नाम की प्रोफाइल से मैसेज आया। खुद को शेयर मार्केट एक्सपर्ट बताकर महिला ने पीडि़त से बातचीत शुरू की और निवेश से बड़ा मुनाफा कमाने का लालच दिया। उसके बाद झांसे में लेकर पीडि़त को दो अलग-अलग व्हाट्सऐप ग्रुप में जोड़ा गया, जहां नकली प्रॉफिट स्क्रीनशॉट और फर्जी यूजर मैसेज दिखाकर यह भरोसा दिलाया गया कि यह एक प्रमाणित ट्रेडिंग प्लेटफॉर्म है। गु्रप के जरिए से पीडि़त को ऐप डाउनलोड कराया गया और 17 दिनों तक लगातार ट्रेडिंग का झांसा देने के बाद ठगों ने गारंटीड रिटर्न और 15 प्रतिशत कमीशन का लालच दिया। शुरुआत में पीडि़त ने कम अमाउंट यानी 50,000 रुपये निवेश किए। जिसका मुनाफे में से 9 लाख रुपये पीडि़त ने पहले निकाल लिए। इससे पीडि़त को साइबर ठगों पर पूरा भरोसा हो गया। इसके बाद 17 दिनों के अंदर ठगों ने अलग-अलग खातों में 9 ट्रांजेक्शन के जरिए 11,99,50,000 रुपये पीडि़त से इनवेस्टमेंट के नाम पर ट्रांसफर करा लिए। पैसे निकालने की बात कहने पर टैक्स आदि के रूप में उनसे 17 करोड़ की मांग की गई। पैसे देने से मना करने पर उन्हें गु्रप से बाहर कर दिया। एडीसीपी साइबर शैव्या गोयल ने बताया कि इस मामले में प्राथमिकी दर्ज कर उन खातों की जांच शुरू कर दी गई है जिनमें रकम भेजी गई थी। पुलिस अधिकारियों के मुताबिक साइबर जालसाज व्हाट्सएप गु्रप में जोडक़र वहां ट्रेनिंग व जानकारी देने के बाद उनके लाखों की ठगी करते हैं। इसके लिए लोगों को चिह्नित कर उन्हें अचानक ही गु्रप में जोड़ा जा रहा है। उनसे निवेश, रिव्यू आदि के नाम पर ठगी की जा रही है। इस तरह की ठगी में नाइजीरियाई गिरोह के अलावा कई गैंग सक्रिय हैं।
