नवाबगंज, समृद्धि न्यूज। बीते दो वर्ष पूर्व लव मैरिज करने वाले युवक की एसिड अटैक से मौत हो गयी थी। उपरोक्त घटना में (प्रेमिका) पत्नी तथा उसके पति का हाथ होना मृतक युवक ने दम तोडऩे से पूर्व बताया था। जिसके आधार पर पुलिस ने महिला को गिरफ्तार कर जेल भेज दिया था। वहीं उसका पति फरार चल रहा था। जिसे आज गिरफ्तार कर लिया। उसके जेल जाने से तीन बच्चे अनाथ हो गये। जिस पर सूचना मिलने पर फर्रुखाबाद से पहुंची उनकी मौसी ने पुलिस के समक्ष बच्चों का पालन करने की जिम्मेदारी ली। जिस पर पुलिस ने बच्चों को उसकी मौसी को सौंप दिया।
नवाबगंज थाना क्षेत्र के गांव वीरपुर निवासी पप्पू ठाकुर को बीते दो वर्षों पूर्व संदिग्ध परिस्थितियों में तेजाब डालकर जला दिया गया था। जिस पर घटना के तुरंत बाद ग्रामीणों की मदद से एंबुलेंस के द्वारा घायल पप्पू ठाकुर को सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र्र नवाबगंज में भर्ती कराया गया था। जहां प्राथमिक उपचार के बाद लोहिया अस्पताल रेफर कर दिया गया था। जिस पर पप्पू ठाकुर ने घटना के पीछे अपने साथ रह रही प्रेमी महिला तथा उसके पति का नाम थाना पुलिस को बताया था। जिसके कुछ दिन बाद इलाज के दौरान पप्पू ठाकुर की मौत हो गई थी और मौत के मामले में मृतक द्वारा बताए अनुसार प्रेमी पत्नी ममता को जेल भेज दिया था, जबकि 2 वर्ष बाद शुक्रवार को कानून के शिकंजे में आए रमेश चंद्र जाटव को मुकदमे के आधार पर थाना पुलिस ने गिरफ्तार कर हिरासत में ले लिया। वहीं आरोपी की छोटी-छोटी तीन पुत्रिया नारायणी, दीपिका, सोनाक्षी थाने पहुंचे और उन्होंने थाना पुलिस को आपबीती बताई और कहा कि अब उनके सर पर हाथ रखने वाला कोई नहीं है। यह देख थाना पुलिस भी परेशान नजर आ रही थी, क्योंकि पुलिस भी कानून से बंधी है। वहीं रास्ते में दूर की मौसी लगने वाली फर्रुखाबाद निवासी सोनी पांडे ने आकर तीनों बच्चों को ढांढस बंधाया और पुलिस से कहा कि वह बच्चों का पालन पोषण करेगी। वहीं थाना अध्यक्ष अवध नारायण पांडे तथा थाने के दीवान वीरेंद्र सिंह यादव सहित स्टाफ ने बच्चों के परिवरिश के लिए आर्थिक सहायता उपलब्ध कराने की बात कही।
पुलिस ने दो वर्ष पूर्व एसिट अटैक के मामले में वांछित चल रहे आरोपी को दबोचा
