
समृद्धि न्यूज़ अयोध्या।आचार्य नरेंद्र देव कृषि एवं प्रौद्योगिक विश्वविद्यालय के पशु चिकित्सा ऑडिटोरियम में ब्लेंडेड लर्निंग (मिश्रित शिक्षा प्रणाली) प्लेटफार्म विषय पर दो दिवसीय कार्यशाला आयोजित किया गया।यह कार्यशाला भारतीय कृषि अनुसंधान संस्थान दिल्ली एवं आचार्य नरेंद्र देव कृषि विश्वविद्यालय के संयुक्त तत्वाधान में आयोजित की गई।कार्यशाला का उद्घाटन कुलपति डा.बिजेंद्र सिंह ने जल भरो कार्यक्रम के साथ किया।कार्यक्रम को बतौर मुख्यअतिथि संबोधित करते हुए कुलपति डा.सिंह ने कहा कि मिश्रित प्रणाली शिक्षा एक औपचारिक शिक्षा कार्यक्रम है जिसमें विद्यार्थी पाठ्यक्रम का एक भाग कक्षा में और दूसरा भाग डिजिटल एवं ऑनलाइन संसाधनों के माध्यम से पूरा करता है।कुलपति ने कहा कि इस शिक्षा में समय,जगह,विधि तथा गति का नियंत्रण छात्रों के चयन पर निर्भर करता है।मिश्रित शिक्षा प्रणाली से छात्र-छात्राओं में गुणात्मक सुधार की संभावना अधिक रहती है।मुख्य वक्ता के रूप में वरिष्ठ वैज्ञानिक डा. आर.सी गोयल ने विस्तार से बताया कि इस शिक्षा को छह प्रकार में बांटा गया है,जिसमें रुबरु संचालन,नियमित आवर्तन फ्लेक्स,प्रयोगशाला,स्वतः ब्लेंड और ऑनलाइन संचालन का समावेश है।इस शिक्षा के माध्यम से अध्यापक और छात्रों के बीच संचार और भी बेहतर होता है। इस शिक्षा में अध्यापक अपना उपदेश डिजिटल उपकरणों से करते हैं साथ ही विद्यार्थी अपना पूरा अध्ययन इंटरनेट तथा डिजिटल संस्थान का प्रयोग करके पूरा करता है।यह कार्यक्रम नाहेप के वित्तीय सहयोग से आयोजित की गई।कार्यक्रम का संयोजन पशु पोषण विभाग के विभाध्याक्ष डा. वी.के सिंह एवं डा. आशीष सिंह ने किया।अतिथियों का धन्यवाद ज्ञापन डा. सत्यव्रत सिंह ने किया।इस मौके पर विवि के समस्त अधिष्ठाता,निदेशक शिक्षक एवं छात्र-छात्राएं मौजूद रहे।
