
लखनऊ।स्पेशल टास्क फोर्स (एसटीएफ)ने बड़ी कामयाबी हासिल की है।यह कामयाबी प्रदेश के गोंडा जिले से 50 हजार रुपए के पुरस्कार घोषित वांछित अभियुक्त रत्नेश पांडेय उर्फ बब्लू की गिरफ्तारी से जुड़ी है।गिरफ्तार किया गया अभियुक्त गोंडा जिले के ग्राम सुसुंडा थाना परसपुर क्षेत्र का रहने वाला है जिसे रविवार को गोंडा जिले के ही खोरासा बाजार थाना कोतवाली देहात क्षेत्र से गिरफ्तार किया गया है।बताया गया कि इस अभियुक्त पर दर्जन भर से अधिक मुकदमे दर्ज हैं और यह जिले की थाना कोतवाली देहात में दर्ज एक मुकदमे में वांछित चल रहा था।एसटीएफ की ओर से दी गई जानकारी के मुताबिक विगत काफी दिनों से प्रदेश के जनपदों में वांछित तथा पुरस्कार घोषित अपराधियों के सक्रिय होकर अपराधिक घटनाओं को अंजाम दिए जाने की सूचनाएं प्राप्त हो रही थी।इस संबंध में एसटीएफ की विभिन्न टीमों व इकाइयों को अभिसूचना संकलन व कार्यवाही हेतु निर्देशित किया गया था जिस क्रम में पुलिस उपाधीक्षक एसटीएफ डी.के.शाही के पर्यवेक्षण में अभिसूचना संकलन की कार्यवाही की जा रही थी।रविवार को उप निरीक्षक राघवेंद्र सिंह,अतुल चतुर्वेदी,प्रदीप कुमार सिंह,मुख्य आरक्षी नीरज पांडेय,राजकुमार सिंह,सुशील सिंह,रामनिवास शुक्ला,राजीव कुमार,आरक्षी अमित त्रिपाठी व अमर श्रीवास्तव की एक टीम अभिसूचना संकलन के क्रम में गोंडा जिले में मौजूद थी।इस दौरान टीम को ज्ञात हुआ कि जिले की थाना कोतवाली देहात में पंजीकृत एक मुकदमे में वांछित 50 हजार रुपए के पुरस्कार घोषित अभियुक्त रत्नेश पांडेय उर्फ बबलू खोरासा बाजार थाना कोतवाली देहात के पास आने वाला है।इस सूचना पर एसटीएफ टीम द्वारा त्वरित कार्रवाई करते हुए उक्त स्थान पर पहुंचकर वांछित अभियुक्त को आवश्यक बल प्रयोग करके गिरफ्तार कर लिया गया,जिसके पास से उपरोक्त बरामदगी हुई है। पूछताछ में अभियुक्त द्वारा बताया गया कि उसने वर्ष 2002 पूर्व में अपने गिरोह के अन्य सदस्यों के साथ मिलकर जिले के थाना उमरी बेगमगंज क्षेत्र में जमीनी विवाद को लेकर गोली व बम मारकर जनार्दन की हत्या कर दी थी।इस संबंध में थाना स्थानीय पर अभियोग पंजीकृत हुआ जिसमें न्यायालय द्वारा आजीवन कारावास की सजा हुई थी।वर्ष 2004 में सुपारी लेकर जिले के थाना परसपुर निवासी रामेश्वर मिश्रा की हत्या की थी,जिसके संबंध में थाना स्थानीय पर अभियोग पंजीकृत हुआ था।वर्ष 2017 में थाना परसपुर में जमीनी विवाद को लेकर उसने फिर हत्या कर दी थी,जिस संबंध में भी थाना स्थानीय में अभियोग पंजीकृत हुआ था।जिले की थाना कोतवाली देहात में पंजीकृत एक मुकदमे में वह फरार चल रहा था जिसकी गिरफ्तारी हेतु 50 हजार रुपए का पुरस्कार घोषित कर दिया गया था।
