35 हजार रुपए के अर्थदंड से किया गया दंडित
फर्रुखाबाद, समृद्धि न्यूज। अपर जिला जज एवं सत्र न्यायाधीश विशेष पॉक्सो एक्ट न्यायाधीश रितिका त्यागी ने बाल अपचारी को हत्या व जानलेवा हमले के मामले में दोषी करार देते हुए न्यायिक हिरासत में लेकर दस वर्ष का कारावास व 35 हजार रुपए के अर्थदंड से दंडित किया है।
कोतवाली फर्रुखाबाद के एक मोहल्ला निवासी यह युवक ने पुलिस को दी गई तहरीर में बताया कि मेरा भाई पड़ोस की लडक़ी से प्यार करता था। दिनांक 25/26 जून 2017 को रात लगभग 12 बजे हम लोग खाना खाकर छत पर सो रहे थे। अचानक शोर की आवाज होने पर जाग गए तथा भागकर देखा कि लडक़ी का भाई अपने हाथ में लोहे की रॉड लेकर जान से मारने की नियत से मेरे भाई व उसकी प्रेमिका को मार रहा था। मैंने व मेरे पापा ने बिजली की रोशनी में देखा था। हमारे पहुंचते ही वह भाग गया था। मौके पर जाकर देखा कि मेरा भाई और उसकी प्रेमिका गंभीर रूप से घायल होकर मरणासन्न हालत में बरामदे में पड़े थे। इस पर हम लोगों ने डायल 100 पर सूचना दी थी। दोनों लोगों को राममनोहर लोहिया अस्पताल लेकर आए। मेरे भाई को डॉक्टर ने मृतघोषित कर लडक़ी को उपचार के लिए भर्ती कर लिया था। पुलिस ने तहरीर के आधार धारा 302, 307 आई.पी.सी. में मुकदमा दर्ज कर लिया था। विवेचक ने साक्ष्य गवाह के आधार न्यायालय में आरोप पत्र दाखिल किया था। बचाव पक्ष की दलील व शासकीय अधिवक्ता प्रदीप सिंह की कुशल पैरवी के आधार बाल अपचारी को दोषी करार देते हुए न्यायिक हिरासत में लेकर हत्या के मामले में दस वर्ष का कारावास व पच्चीस हजार रुपए के अर्थदंड से दंडित किया। अर्थदंड अदा न करने पर तीन माह का अतिरिक्त कारावास व जानलेवा हमले के मामले में पांच वर्ष का कारावास व दस हजार रुपए के अर्थदंड से दंडित किया। अर्थदण्ड अदा करने पर दो माह का अतिरिक्त कारावास भुगतना होगा।
बाल अपचारी को हत्या व जानलेवा हमले के मामले में दस वर्ष का कारावास
