समृद्धि न्यूज़ लखनऊ।प्रदेश की राज्यपाल आनंदीबेन पटेल ने सोमवार को राजभवन में राष्ट्रपिता महात्मा गाँधी और भारत के पूर्व प्रधानमंत्री लालबहादुर शास्त्री की जयंती के अवसर पर उनके चित्रों एवं प्रतिमा पर माल्यार्पण तथा पुष्प अर्पित कर नमन किया और सभी को बधाई दी।राज्यपाल के साथ अपर प्रमुख सचिव राज्यपाल डॉ सुधीर महादेव बोबडे व विशेष सचिव बद्रीनाथ सिंह सहित राजभवन के अन्य अधिकारियों एवं कर्मचारियों ने भी पुष्पांजलि अर्पित कर नमन किया।
भारतवासियों के प्रिय और सदैव स्मस्णीय बापू और शास्त्री की जयंती के अवसर पर राजभवन के गाँधी सभागार में राजभवन अध्यासितों के बच्चों ने बापू के प्रिय भजन प्रस्तुत किये तथा सह-प्रस्तुतियां भातखण्डे संगीत विश्वविद्यालय के कलाकारों ने दीं।
राज्यपाल ने भजनों की मनमोहक प्रस्तुति की प्रशंसा की और बच्चों का उत्साह वर्धन किया।इस अवसर पर राज्यपाल ने अपने सम्बोधन में कहा कि गांधी जी के विचार वैश्विक स्तर पर समझे और सराहे गये।उनके विचारों से देश और विदेश के लोगों ने प्रेरणा प्राप्त कर जीवन में सफलता पायी।उन्होंने देश के पूर्व प्रधानमंत्री स्व0 लाल बहादुर शास्त्री को याद करते हुए कहा कि उनका व्यक्तित्व और कृतित्व देशवासियों के लिए प्रेरणा का स्रोत रहा है।राज्यपाल ने कहा कि शास्त्री जी अपने सादा जीवन, उच्च विचार तथा जन-जन के हित साधक के रूप में हमेशा याद किये जाते रहेंगे।उन्होंने कहा कि गांधी जी और शास्त्री जी जैसे महान सन्त पुरूषों से प्रेरणा प्राप्त करते रहना चाहिए जो जीवन के साथ ही कार्यक्षेत्र में भी आवश्यक है।राज्यपाल ने कहा कि गांधी जी ने स्वच्छता की शिक्षा देकर राष्ट्र को एक उत्कृष्ट संदेश दिया। उन्होंने कहा कि गांधी जी के सपने को पूरा करने हेतु प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी द्वारा दो अक्टूबर, 2014 को स्वच्छ भारत अभियान की शुरूआत की गयी और इसी कड़ी में इस वर्ष एक अक्टूबर को स्वच्छता ही सेवा अभियान की शुरूआत की गयी है,जो गांधी जी को सच्ची श्रद्धांजलि है।राज्यपाल ने कहा कि आज नशा उन्मूलन और कुष्ट रोग दिवस भी है।उन्होंने नशा को एक सामाजिक बुराई बताया और लोगों को नशे से दूर रहने की सलाह दी।इस अवसर पर उन्होंने कुष्ठ रोग के उन्मूलन हेतु कहा कि कुष्ठ रोगियों के प्रति स्नेह भाव रखें।उन्होंने गांधी जयंती के अवसर पर स्वच्छता विषय पर बोलते हुए कहा कि कचरे का स्थान सुनिश्चित किया जाए। उन्होनें कहा कि कचरे का नियमित तौर पर निस्तारण सुनिश्चित हो।उन्होंने स्वच्छता को जीवन शैली में आत्मसात करने के निर्देश दिए।उन्होनें कहा कि स्वच्छता को आदत बनाएं तथा उसे दैनिक कार्यों में शामिल करें।
राज्यपाल ने कहा कि गांधी जी ने विश्व को वसुधैव कुटुंबकम का सपना दिखाया।उन्होंने कहा कि वसुधैव कुटुंबकम की थीम पर देश मे जी-20 का आयोजन किया गया। जी-20 की सफलता व संयुक्त रूप से प्रस्ताव पारित किया जाना को उन्होनें एक उपलब्धि बताया।उन्होंने कहा कि इस प्रकार की चर्चा हर घर में होनी चाहिए क्योंकि बच्चों का संस्कार बड़ों के आचरण और उनके कार्यकलापों पर निर्भर करता है।इस अवसर पर राज्यपाल ने राजभवन परिसर में नवनिर्मित बोसाईं गार्डन का लोकार्पण किया।उन्होंने गार्डन का निरीक्षण करते हुए उसके सौन्दर्यीकरण तथा विविध कैक्टस प्लांट्स लगाये जाने तथा राजभवन भ्रमण पर आने वाले आगंतुकों हेतु बोसाईं गार्डन खोले रखने के निर्देश दिये।इस अवसर पर राजभवन के अधिकारी, कर्मचारी तथा अध्यासित भी उपस्थित रहे।

