
फर्रुखाबाद, समृद्धि न्यूज। बाल विवाह मुक्त भारत अभियान के तहत चेंजमेकर्स फाउंडेशन द्वारा के विभिन्न स्कूलों में बच्चों के बीच इस कुप्रथा एवं गंभीर समस्या के प्रति जागरूकता बढ़ाने के लिए कार्यक्रमों का आयोजन किया गया, ताकि इसे रोकने के लिए कदम उठाए जा सकें।
सामाजिक कार्यकर्ता डॉ0 प्रशांत चौहान ने बताया कि बच्चों के साथ होने वाले शोषण के रूपों में सबसे निकृष्ट रूप बाल विवाह का है। बाल विवाह की यह समस्या जाति, संस्कृति और धर्म की सीमाओं से परे है तथा इसका यौन शोषण और तस्करी से गहरा संबंध है। राष्ट्रीय अपराध रिकॉर्ड ब्यूरो में अपराध रिपोर्ट वर्ष 2021 के अनुसार भारत में रोज़ाना 3 बच्चों का बाल विवाह होता है। इसके समाधान के लिए और बाल विवाह को समाप्त करने के लिए बाल विवाह मुक्त भारत अभियान शुरू किया गया है। एक सैकड़ा से अधिक बच्चों को बाल विवाह के खिलाफ शपथ भी दिलायी गयी। महमदपुर कारसान जूनियर हाई स्कूल की अध्यापिका भारती मिश्रा मीना ने बताया कि उनके विद्यालय में मीना मंच की स्थापना की गई है। छात्राओं व उनके परिजनों को बाल विवाह के खिलाफ जागरूक किया। रानीगढ़ प्राइमरी विद्यालय के प्रधानाध्यापक ने कहा कि यह बहुत सराहनीय पहल है तथा इस जागरूकता अभियान के माध्यम से बाल विवाह रोकने में सकारात्मक परिणाम देखने को मिलेंगे। भगवानदास, हर्षित राजपूत आदि का सहयोग किया।
