जगह-जगह यात्रा का स्वागत कर उतारी गई आरती
फर्रुखाबाद, समृद्धि न्यूज। जैन समाज के दस दिन के पर्युषण पर्व समाप्ति के बाद सधवाड़ा स्थित श्री नेमिनाथ दिगम्बर जैन मन्दिर से श्री 1008 भगवान आदिनाथ की मनोहर प्रतिमा रथ पर विराजमान कर जैन समाज के लोगों ने यात्रा बैड़ बाजों के साथ निकाली। भजनों के साथ गायन व आगे जैन ध्वजा व केसरिया झण्ड़ी लगी हुई गाडिय़ा चल रही थी। समाज के लोग नारे व नृत्य कर झूम रहें थे। पीछे भगवान जिस रथ पर विराजमान थे, वह चल रहा था। पीछे-पीछे महिलायें व बच्चे भजन र्कीतन कर रहें थे। रथ पर सवार एक इन्द्र भगवान को पकड़े खड़े, दो इन्द्र अलग बगल रथ पर भगवान की चमर दुला रहें थे।
एक भगवान के सारथी बने रथ को चला रहें थे। रथ सहाबगंज चौराहा, अंगूरीबाग, जैन वाटिका धारा नगरी पहुंच कर पाण्डुशिला पर भगवान आदिनाथ के सिंहासन पर विराजमान कर पूजा व अभिषेक किया गया तथा बाग में ही मेले के रूप में लोग एक दूसरे के गले मिल व क्षमा भाव किया। यात्रा वहां से वापसी के लिए चली जो रास्ते में लोगों ने अपने-अपने दरवाजों पर रोककर भगवान की आरती की व प्रसाद वितरण किया। यात्रा अंगूरीबाग, सहाबगंज चौराहा होते हुए सधवाड़ा जैन मन्दिर पर समाप्त हुई। मन्दिर में भगवान का अभिषेक करके भगवान आदिनाथ को उनके स्थान पर विराजमान किया गया। इस मौके परद अध्यक्ष ऋषभ शरण जैन, विक्रांत जैन, राहुल जैन, अमन जैन, छेदालाल जैन, डा0 नेमशरण जैन, आमोद जैन, प्रमोद जैन, नीरज जैन, विकास जैन, गुंजा जैन, संध्या जैन, साधना, चित्रा, नेहा, मिनी, माला, दीपांशु, जैन मणी, दिलीप जैन, शैलेन्द्र जैन, दीपक जैन आदि लोग मौजूद रहे।
पर्युषण पर्व पर निकाली गई भगवान आदिनाथ की यात्रा
