समृद्धि न्यूज। पूर्व सेना प्रमुख जनरल मनोज मुकुंद नरवणे की अप्रकाशित किताब ‘फोर स्टार्स ऑफ डेस्टिनी’ के लीक होने पर विवाद गहरा गया है। पेंग्विन रैंडम हाउस इंडिया ने स्पष्ट किया है कि किताब अभी प्रकाशित नहीं हुई है और लीक हुई प्रतियां कॉपीराइट का उल्लंघन हैं। पेंगुइन रैंडम हाउस इंडिया ने जनरल मनोज मुकुंद नरवणे की आत्मकथा ‘फोर स्टार्स ऑफ डेस्टिनी’ को लेकर चल रही चर्चाओं पर अपना आधिकारिक बयान जारी किया है। प्रकाशक पेंगुइन रैंडम हाउस इंडिया ने स्पष्ट किया है कि इस किताब के एकमात्र प्रकाशन अधिकार उनके पास हैं, लेकिन यह किताब अब तक प्रकाशित ही नहीं हुई है। न तो इसकी कोई छपी हुई प्रति और न ही डिजिटल संस्करण (ई-बुक, पीडीएफ आदि) बाजार में जारी किया गया है। PRHI ने कहा कि उसके पास पूर्व सेना प्रमुख जनरल मनोज मुकुंद नरवणे की किताब ‘फोर स्टार्स ऑफ डेस्टिनी’ के पब्लिशिंग के एक्सक्लूसिव अधिकार हैं और साफ किया कि यह किताब अभी तक पब्लिश नहीं हुई है, एक बयान में पब्लिशिंग हाउस ने साफ किया कि किताब की कोई भी कॉपी, चाहे प्रिंट या डिजिटल रूप में जनता के लिए जारी नहीं की गई है। पब्लिशर ने एक बयान में कहा कि पेंगुइन रैंडम हाउस इंडिया यह साफ करना चाहता है कि हमारे पास भारतीय सेना के पूर्व प्रमुख जनरल मनोज मुकुंद नरवणे की किताब ‘फोर स्टार्स ऑफ डेस्टिनी’ के पब्लिशिंग के एकमात्र अधिकार हैं, हम यह साफ करना चाहते हैं कि किताब अभी पब्लिश नहीं हुई है।
पेंगुइन की तरफ से यह स्पष्टीकरण दिल्ली पुलिस द्वारा पांडुलिपि को डिजिटल और अन्य प्रारूपों में कथित रूप से अवैध रूप से प्रसारित करने के आरोप में एफआईआर दर्ज करने के बाद आया है। बता दें कि कांग्रेस नेता राहुल गांधी को पिछले सप्ताह संसद परिसर में कथित तौर पर इस पुस्तक की एक प्रति लहराते हुए देखा गया था। वे 2 फरवरी से ही लोकसभा में इस संस्मरण के अंशों पर बोलना चाहते थे, लेकिन पुस्तक के अभी तक प्रकाशित न होने के कारण उन्हें लोकसभा अध्यक्ष ने ऐसा करने से रोक दिया था। वहीं इस मामले में भाजपा सांसद निशिकांत दुबे ने राहुल गांधी और कांग्रेस पार्टी पर निशाना साधा है।
पेंगुइन ने कहा: ‘अब तक प्रकाशित नहीं हुई फोर स्टार्स ऑफ डेस्टिनी’
