फर्रुखाबाद, समृद्धि न्यूज। जैसे जैसे लोकसभा चुनाव का समय नजदीक आ रहा है, वैसे वैसे शिक्षक व कर्मचारियों द्वारा पुरानी पेंशन की मांग को लेकर आंदोलन तेज किया जा रहा है। पेंशन के मुद्दे पर देशभर के शिक्षक और कर्मचारी एक मंच पर आकर संघर्ष कर रहे हैं। कर्मचारी शिक्षक संयुक्त मोर्चा के आह्वान पर देशभर के पदाधिकारियों के द्वारा एक दिवसीय सांकेतिक धरना प्रदर्शन 30 जुलाई को दिल्ली के जंतर मंतर पर किया जाएगा। शिक्षक संगठन यूनाइटेड टीचर्स एसोसिएशन (यूटा) के प्रदेश अध्यक्ष राजेन्द्र सिंह राठौर ने दिल्ली में प्रस्तावित धरने की तैयारी को लेकर सभी जिलाध्यक्ष के साथ ऑनलाइन बैठक की। उन्होंने बताया कि पुरानी पेंशन की लड़ाई अब करो या मरो की स्थिति में है। कर्मचारी शिक्षक संयुक्त मोर्चा में उत्तर प्रदेश के बेसिक शिक्षा विभाग में कार्यशील शिक्षकों का एकमात्र संगठन यूटा जुड़ा है। प्रदेश के सभी जनपदों के ब्लॉक व जनपदीय पदाधिकारी इस धरने में आवश्यक रूप से शामिल होंगे। उन्होंने बताया कि कर्मचारी शिक्षक संयुक्त मोर्चा के अध्यक्ष वीपी मिश्रा के नेतृत्व में संगठित हुए विभिन्न विभागों के कर्मचारी भी प्रदर्शन में सम्मिलित होने दिल्ली पहुंचेंगे। इससे पूर्व मोर्चा के अध्यक्ष वीपी मिश्रा ने सभी घटक संगठनों के प्रदेश अध्यक्षों के साथ बैठक कर तैयारियों की समीक्षा की। जिसमें तय किया गया कि पुरानी पेंशन लागू करने, निजीकरण पर रोक लगाने, ठेकेदारी प्रथा रद्द कर स्थायी आधार पर रोजगार देने तथा राष्ट्रीय वेतन आयोग गठित करने की मांग को लेकर प्रधानमंत्री के नाम ज्ञापन सौंपा जायेगा। बैठक में राज्य कर्मचारी संयुक्त परिषद के प्रदेश अध्यक्ष सुरेश रावत, प्रदेश महामंत्री अतुल मिश्रा, यूटा के प्रदेश अध्यक्ष राजेन्द्र सिंह राठौर, ओमजी पोरवाल, प्रदीप कुमार, राजकुमार, अजय शर्मा मौजूद रहे।
