अभी समाज कल्याण विभाग एवं पिछड़ा वर्ग विभाग के छात्रवृत्ति हेतु अलग-अलग है नियम
फर्रुखाबाद, समृद्धि न्यूज। प्रदेश में सभी वर्गों के लिए छात्रवृत्ति और शुल्क भरपाई के नियमों में समानता लाई जायेगी। अभी तक समाज कल्याण एवं अल्पसंख्यक कल्याण विभाग शिक्षण संस्थानों की श्रेणी के अनुसार, तो पिछड़ा वर्ग कल्याण विभाग अंकों के आधार पर छात्रवृत्ति के लिए वरीयता तय करते है।
प्रदेश सरकार अनुसूचित जाति एवं जनजाति के छात्रों के लिए ढाई लाख रुपये सालाना और अन्य वर्गों के लिए दो लाख रुपये सालाना तक आय होने पर छात्रवृत्ति छात्र-छात्राओं को प्रदान करती है। प्रदेश में अल्पसंख्यक, सामान्य और एसटी/एससी के उन छात्रों को पहले छात्रवृत्ति और शुल्क प्रतिपूर्ति की जाती है, जो सरकारी या सहायता प्राप्त शिक्षण संस्थानों में पढ़ रह रहे है। वही धनराशि बचने पर निजी शिक्षण संस्थानों के विद्यार्थियों की बारी आती है। पिछड़ा वर्ग कल्याण विभाग सरकारी, सहायता प्राप्त संस्थानों और निजी संस्थानों में पढ़ रहे विद्यार्थियों की एक साथ अंकों के आधार पर वरीयता सूची तैयार करता है।उपलब्ध धनराशि को इसी वरीयता सूची के आधार पर ऑनलाइन भुगतान किया जाता है। माना जा रहा है कि पिछड़ा वर्ग कल्याण विभाग भी अन्य विभागों की तरह सरकारी और सहायता प्राप्त शिक्षण संस्थानों के विद्यार्थियों को वरीयता देने के लिए अपनी नियमावली में संसोधन कर सकता है
