
साधु संतों व सामाजिक लोगों ने रखे अपने-अपने सुझाव
फर्रुखाबाद, समृद्धि न्यूज। जिलाधिकारी की अध्यक्षता में माघ मेला श्रीराम नगरिया एवं विकास प्रदर्शनी की तैयारी के संबंध में समीक्षा बैठक कलेक्ट्रेट सभागार में संपन्न हुई। मेला माँ गंगा के तट पांचाल घाट पर 25 जनवरी से 25 फरवरी 2024 तक चलेगा। जिलाधिकारी ने कहा कि सभी सुझावों को नोट कर लिया गया है। साधु संत ने बताया है जमीन कम होती जा रही है। इस पर अपर जिलाधिकारी को टीम बनाकर आवश्यक कार्यवाही के निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि अभी भी यदि कोई सुझाव देना चाहते हो वो लिखकर या फोन पर बता सकते हैं। पिछ्ली बार की तुलना में मेले में बेहतर व्यवस्था करायी जाएंगी। गंगा के किनारे अवैध रूप से कब्जा कर रह रहे लोगों का अतिक्रमण हटवाया जाए। शौचालयों की प्रतिदिन प्रॉपर सफाई हो इसकी अच्छी व्यवस्था की जाए। आलोक दीक्षित ने कहा कि मेला समाप्त होने के पश्चात शौचालयों के टैंक खुले छोड़ दिए जाते हैं। उनको भरवाना सुनिश्चित किया जाए ताकि पशुहानि ना हो। समय निर्धारित कर मेले के सभी कार्य शुरू किए जाए ंऔर निर्धारित समय मे ही पूर्ण करा लिए जाएं। किसी भी कार्य में विलंब ना हो। मेला के शुभारंभ से पूर्व ही सभी कार्य पूर्ण कराने के निर्देश जिलाधिकारी ने दिए। कमलेंद्र सिंह एडवोकेट ने सुझाव दिया कि मेले में रुकने हेतु किराये पर कैंप उपलब्ध कराए जाएं। आवारा पशुओं को पकडऩे की भी व्यवस्था कराईं जाए। ब्रजकिशोर मिश्रा एडवोकेट ने कहा कि राम नगरिया मेला संतों का मेला है, राम भत्तों का मेला है उनको पूजा शांति में कोई विघ्न ना हो इसके दृष्टिगत सभी व्यवस्था की जाएं। सफाई व्यवस्था का विशेष ध्यान रखा जाए। मेले में जो व्यक्ति दुकान लगाए सीधे उनकी ही रसीद काटी जाए। बिचौलियों द्वारा खरीद फरोख्त ना किया जाए। यह मेला प्रभारी सुनिश्चित करें। वहीं गंगा समग्र के जिला संयोजक आदित्य दीक्षित व जिला प्रमुख विपिन अवस्थी ने भी अपने सुझाव रखे और मांग की कि मेला समाप्त होने के बाद जो लोग गंदगी छोड़ देते हैं, उसे प्रशासन साफ करवाये तथा शाम को गंगा पर महाआरती का आयोजन कराया जाये। अपर जिलाधिकारी ने कहा कि मेले में विगत वर्ष के सापेक्ष इस वर्ष बेहतर व्यवस्था की जाएगी और भव्य मेले का आयोजन कराया जाएगा। 10 जनवरी तक साधु संतों के लिए सभी सुविधाए उपलब्ध करा दी जाएंगी। बैठक में मुख्य विकास अधिकारी, अपर जिलाधिकारी, नगर मजिस्ट्रेट, क्षेत्राधिकारी पुलिस नगर, जिला विकास अधिकारी, सम्बंधित अधिकारी, जनपद के वरिष्ठ प्रतिष्ठित एवं संभ्रांत नागरिक, साधु संत, सम्मानित सदस्य आदि उपस्थित रहे।
