एडीएम व एसडीएम मौके पर पहुंचकर लिया जायजा
अमृतपुर, समृद्धि न्यूज। पानी के तेज बहाव में गहरे पानी से लोग बाइक पर अपने परिवारीजनों को बिठाकर निकाल रहे हैं, जो कि एक जोखिम भरा काम है। जब इसकी जानकारी थाना पुलिस को हुई तो पुलिस ने सक्रियता दिखाई और मौके पर पहुंच गई। वहां कुछ बच्चे और युवा तेज पानी के बहाव में मस्ती कर रहे थे। जिन्हें पुलिस ने समझाकर वहां से हटाया और जोखिम लेकर निकलने वालों को भी पुलिस ने समझा बुझाकर पानी से होकर न निकलने की सलाह दी।
पुलिस लगातार मौके पर बनी हुई है। रामगंगा में बढ़ रहे जल स्तर की सूचना पर अपर जिलाधिकारी सुभाष चंद्र प्रजापति, अमृतपुर उप जिलाधिकारी अतुल कुमार सिंह राजस्व कर्मचारियों के साथ मौके पर पहुंचे। उन्होंने बढ़ रहे जल स्तर की समस्याओं से पीडि़त ग्रामीणों से बातचीत की और बाढ़ ग्रस्त गांव में पहुंचकर वहां की स्थिति को देखा। लोगों से बातचीत के दौरान उन्होंने बताया कि सरकार की तरफ से उपलब्ध सहायता को बाढ़ पीडि़त क्षेत्र के लोगों तक पहुंचाया जाएगा। सभी लोग बढ़ रहे पानी से सावधान रहें और तेज बहाव की तरफ ना जाएं और ना ही किसी को जाने दें। क्षेत्रीय लेखपाल विमल कुमार भी बाढ़ ग्रस्त क्षेत्र में पहुंचे और अपनी जिम्मेदारियों का निर्वहन करने लगे। पश्चिमी अमैयापुर, पूर्वी अमैयापुर, खाखिन, चपरा, नीचे वाला चपरा, गुडेरा, रुलापुर, भावन, हीरानगर आदि गांव बाढ़ के पानी से घिर चुके हैं। यहां से आवागमन बाधित हो चुका है। जो लोग जरूरी काम से निकल रहे हैं वह भी जोखिम उठाकर वहां से निकल पा रहे हैं। जिन किसानों ने मूंगफली और मक्के की फसल की थी अब उनका भी नुकसान हो गया है। इस इलाके में इतनी तेजी से पानी बढऩे की उम्मीद नहीं थी, परंतु रामगंगा का जलस्तर बढऩे के कारण मूंगफली और मक्के की फसल पूरी तरीके से पानी में डूब गई। जिससे यहां रहने वाले किसान आसाराम, बाबूराम, होते लाल, रामचंद्र, रामनिवास, राजेश, प्रदीप, सर्वेश, मेघनाथ, वीर सहाय आदि लोगों की फसलें तबाह हो चुकी हैं।
रामगंगा का जलस्तर बढ़ा, दर्जनों गांव पानी से घिरे
