भीषण हादसे में 13 भारतीयों समेत 16 लोग लापता
नई दिल्ली. सोमवार को ओमान के तट के पास एक तेल टैंकर पलट गया. जिसमें 13 भारतीयों सहित 16 चालक दल के सदस्य सवार थे, वो सभी लापता हो गए हैं. ओमान के समुद्री सुरक्षा केंद्र ने बताया कि यह जहाज कोमोरोस का झंडा लगा हुआ तेल टैंकर था. जो दुकम बंदरगाह शहर के पास रस मदरका से लगभग 25 समुद्री मील दक्षिण-पूर्व में पलट गया. समुद्री सुरक्षा केंद्र ने बताया कि लापता चालक दल के सदस्यों को बचाने के लिए खोज और बचाव अभियान जारी है. इसमें यह भी बताया गया कि कोमोरोस के झंडे वाले तेल टैंकर का नाम प्रेस्टीज फाल्कन है. इसमें 16 चालक दल के सदस्य सवार थे, जिनमें 13 भारतीय और तीन श्रीलंकाई नागरिक थे. केंद्र ने रॉयटर्स को आगे बताया कि जहाज ‘पानी में डूबा हुआ और उल्टा’ था. हालांकि, केंद्र ने इस बात की पुष्टि नहीं की कि जहाज में तेल या तेल उत्पाद समुद्र में लीक हो रहे थे या जहाज पलटने के बाद स्थिर हो गया था. समुद्री सुरक्षा केंद्र (एमएससी) सोशल मीडिया पर प्लेटफार्म एक्स पर एक पोस्ट करते हुए बताया कि कोमोरोस के झंडे वाला तेल टैंकर डुक्म के बंदरगाह के पास रास मद्रका के कुछ मील की दूरी पर दक्षिण पूर्व में पलट गया. इस जहाज की पहचान प्रेस्टीज फाल्कन के रूप में की गई है. डुक्म के इंडस्ट्रियल एरिया में यहां एक प्रमुख तेल रिफाइनरी भी है.
चालक दल के सदस्यों की तलाश जारी
एमएससी ने बताया कि जहाज के चालक दल के सदस्य अब भी लापता हैं. उनके लिए लगातार तलाश जारी है. इसमें एक प्रमुख तेल रिफाइनरी भी शामिल है, जो इस शहर के विशाल औद्योगिक क्षेत्र का हिस्सा भी है. ये ओमान की सबसे बड़ी एकल आर्थिक परियोजना है.
यमन की ओर जा रहा था जहाज
डुक्म का बंदरगाह ओमान के दक्षिण-पश्चिमी तट पर स्थित है, जो सल्तनत की प्रमुख तेल और गैस खनन परियोजनाओं के काफी करीब है. बताया जा रहा है कि तेल टैंकर यमन के बंदरगाह शहर अदन की ओर जा रहा था. तेल टैंकर पानी में डूबा हुआ उल्टा पड़ा है. शिपिंग डेटा के आंकड़ो से ये भी पता चलता है कि इस जहाज का निर्माण 2007 में किया गया है. ये जहाज 117 मीटर लंबा है. कहा जाता है किऐसे छोटे टैंकर आम तौर पर छोटी यात्राओं के लिए इस्तेमाल किए जाते हैं.
