फर्रुखाबाद, समृद्धि न्यूज। मीना मंच सुगमकर्ता भारती मिश्रा द्वारा मिशन शक्ति चरण 5 के अंतर्गत ग्राम महमदपुर करसान में समुदाय के साथ घरेलू हिंसा पर जागरूकता हेतु कार्यक्रम का आयोजन किया गया। घरेलू हिंसा के विरुद्ध आवाज उठाने के लिए महमदपुर करसान ग्राम में मीना मंच के बच्चों के द्वारा रैली निकाली गई तथा गांव की चौपाल में सभा की गई। जिसमें घरेलू हिंसा से जुड़े कानून के बारे में बताया गया। मीना मंच की अध्यक्ष दिव्या ने बताया की घरेलू हिंसा संरक्षण विधेयक 12 सितंबर 2005 को संसद में पारित कर दिया गया था। पावर एंजिल गायत्री ने बताया कि घरेलू हिंसा के अंतर्गत शारीरिक हिंसा, यौन हिंसा, मौखिक एवं भावनात्मक हिंसा, आर्थिक हिंसा आदि सभी को सम्मिलित किया गया है। भारती मिश्रा ने ग्रामीण परिवेश के लोगों को जागरुक करते हुए कहा कि यह समझने की बात है कि यह कानून उन्हें क्या-क्या अधिकार देता है। शिकायतकर्ता महिला को उसके घर से निकाला नहीं जाता जा सकता, किन्तु यदि हिंसा करने वाला फिर भी हिंसा करें तो उसका घर में प्रवेश वर्जित किया जा सकता है। हिंसा करने वाले से बाण्ड भरवाया जाएगा। संबंधित इलाके के पुलिस थाने को यह निर्देश दिए जाएंगे कि वह महिला की सुरक्षा सुनिश्चित करें। इसी प्रकार आर्थिक रूप से भी मदद मिलेगी। गुजारा भत्ता इतना मिलेगा कि महिला व उसके बच्चे सम्मान से जीवन जी सकें। गुजारा भत्ता हर महीने या एक मुस्त भी हो सकता है। अर्पित ने कहा कि ध्यान रखें फैसला महिला के बयानों के आधार पर ही होगा। कोर्ट जो आदेश की प्रति देगी उसकी कोई फीस नहीं लगेगी। हम सबको घरेलू हिंसा कानून को ठीक से समझना होगा। इस अवसर पर पूनम, उर्मिला, मेनका, रिया, आलोक, अर्पित, प्रांशु, विशाल, सूरज, अनूप, आदेश, दीपांजलि, सुमन, राम लली, शीला, निशा, नेहा, सदाप्यारी, धनदेवी, मोहिनी, काजल, नव्या, अलका, सीता देवी, मनोरमा आदि ग्रामीण महिलाएं उपस्थिति रहीं। घरेलू हिंसा के प्रति आवाज उठाने हेतु सभी के द्वारा शपथ भी ली गई।
मिशन शक्ति अभियान के तहत मीना मंच द्वारा महिलाओं को किया गया जागरुक
