परिजनों ने हत्या करने की जतायी आशंका
अमृतपुर, समृद्धि न्यूज। राजेपुर थाना क्षेत्र से एक युवक रहस्यमय ढंग से लापता हो गया, लेकिन लापता नहीं, ये पूरा मामला हत्या और साजिश का है। परिजनों ने जिन युवकों पर हत्या और शव गायब करने का आरोप लगाया है उनकी गिरफ्तारी तो दूर, राजेपुर पुलिस ने मामले की गुमशुदगी दर्ज करने की बात कहकर पल्ला झाड़ लिया।
पीडि़त महिला अनूरा देवी पत्नी स्व0 मातादीन निवासी जमापुर ने पुलिस अधीक्षक को शिकायती पत्र देकर बताया कि उसका बेटा रितेश पाल 15 जुलाई की रात लगभग 8:30 बजे फर्रुखाबाद में दुकान पर बैठा था। उसी समय पिंकू पुत्र रंगीले निवासी बदनपुर वहां पहुंचा और उसे बहाने से अपने गांव चलने को कहा। रितेश पिंकू को मोटरसाइकिल से लेकर रवाना हो गया। इसके बाद से रितेश का कोई सुराग नहीं है। रात भर इंतजार के बाद परिजनों ने रितेश के मोबाइल पर कई बार कॉल किया, लेकिन फोन नहीं उठा। बाद में रितेश के मित्र अभय ने बताया कि रितेश ने खुद फोन कर जानकारी दी थी कि पिंकू, प्रांजल पुत्र विनोद, कल्लू पुत्र लुखट्टू और एक अज्ञात युवक मिलकर उसकी बुरी तरह पिटाई कर रहे हैं। सूचना मिलने के बाद परिजन तुरंत बदनपुर पहुंचे, लेकिन वहां न तो रितेश मिला न मोटरसाइकिल न ही कोई सुराग। मोबाइल भी तब से बंद है। परिजनों को पक्की आशंका है कि इन लोगों ने रितेश की हत्या कर दी है और शव को ठिकाने लगा दिया है, लेकिन हैरानी और शर्म की बात ये है कि जब पीडि़ता थाने पहुंची तो राजेपुर पुलिस ने मामले को गुमशुदगी बताकर टरका दिया। हत्या की स्पष्ट सूचना और संदेह के बावजूद न कोई एफआईआर दर्ज हुई न कोई पूछताछ न ही कोई दबिश, क्या जनपद की पुलिस अब तब हरकत में आएगी जब किसी नाले या खेत से रितेश की लाश बरामद होगी। पीडि़ता अनूरा देवी ने पुलिस अधीक्षक से मांग की है कि राजेपुर पुलिस की इस घोर लापरवाही की जांच हो, नामजद आरोपियों पर हत्या की धाराओं में मुकदमा दर्ज कर उन्हें तत्काल गिरफ्तार किया जाए।
युवक को बुलाकर गायब करने का आरोप
