लखनऊ. कांग्रेस नेता राहुल गांधी को लखनऊ कोर्ट ने तलब किया है. लखनऊ के ACJM-3 ने 10 जनवरी 2025 को बतौर आरोपी राहुल गांधी को कोर्ट में पेश होने के आदेश दिया है. वीर सावरकर पर भड़काऊ बयान मामले में राहुल गांधी तलब किये गए हैं. उन्हें प्रथम दृष्टया धारा 153(a) और 505 में ट्रायल के लिए बतौर अभियुक्त तलब किया गया. 17 नवंबर 2022 को अकोला में एक प्रेस कांफ्रेंस के दौरान उन पर वीर सावरकर पर आपत्तिजनक टिप्पणी करने का आरोप है कि उन्होंने वीर सावरकर को “अंग्रेजों का नौकर” और “पेंशन लेने वाला” कहा था. कोर्ट ने राहुल गांधी को आरोपी माना है जिसमें दो समूहों के बीच सद्भाव बिगाड़ने और सार्वजनिक स्थान पर ऐसा बयान देना जिससे एक वर्ग की भावनाएं भड़क सकती हैं. लखनऊ के अधिवक्ता नृपेंद्र पांडे की ओर से कोर्ट में दाखिल परिवाद पर राहुल गांधी को पेश होने के आदेश दिया गया है अदालत द्वारा जारी आदेश में कहा गया है कि शिकायतकर्ता ने जून 2023 में राहुल गांधी के खिलाफ इस मामले में एक शिकायत दायर की थी, जिसे निचली अदालत ने खारिज कर दिया था। इसके विरुद्ध निगरानी न्यायालय में अर्जी दाखिल की गई जिसने इसी साल तीन अक्टूबर को शिकायत को पोषणीय माना। आदेश में कहा गया है कि न्यायालय का मत है कि राहुल गांधी ने अपने कृत्य से समाज में घृणा, द्वेष और वैमनस्य फैलाने का काम किया है जो भारतीय दंड संहिता (IPC) की धारा 153-ए (किसी धर्म जाति वंश जन्म स्थान निवास या भाषा के आधार पर विभिन्न समूहों के बीच शत्रुता फैलाना) और 505 (अफवाह फैलाना) के तहत अपराध की श्रेणी में आता है, लिहाजा राहुल को तलब किए जाने के पर्याप्त आधार हैं।
