हरदोई, समृद्धि न्यूज। जिला उद्यान अधिकारी सुभाष चन्द्रा ने बताया कि जिले में इस वर्ष लगभग 13500 हेक्टेयर क्षेत्रफल में आलू उत्त्पादन किसानों द्वारा किया गया है। जिसका भण्डारण मार्च 2025 तक जनपद में संचालित 36 निजी शीतगृहों में सफलता पूर्वक किया गया है। निजी शीतगृहों में 368150 मीट्रिक टन आलू भण्डारित किया गया है। वर्षाकाल माह में आलू की मांग मण्डियों में बढ़ जाती है जबकि इस वर्षाकाल में बाजार भाव में आवश्यक बढ़ोत्तरी नहीं हो रही है। जिस कारण किसानों द्वारा निकासी धीमी दर से की जा रही है। वर्तमान समय में लगभग 64 प्रतिशत की आलू निकासी शीतगृहों से की गयी है जबकि निकासी हेतु लगभग 01 माह ही शेष हैं। उन्होंने किसानों से कहा कि आलू निकासी चरणबद्ध तरीके से करें। यह जरुरी नहीं है कि अक्टूबर के अन्त तक आलू के दाम बढ़ ही जायें। इस वर्ष जिले में आलू की पैदावार सामान्य से अधिक हुई है जबकि बाजार में निकासी की रफ्तार धीमी बनी हुई है। यदि निकासी में संतुलन नही रखा गया तो अन्तिम चरण तक आलू के दामों में और गिरावट आ सकती है। इसमें किसानों को आर्थिक नुकसान उठाना पड़ सकता है। अतः भाव बढ़ने की उम्मीद में आलू को लम्बे समय तक शीतगृहों में न रखें। बल्कि बाजार की मांग और आपूर्ति के अनुसार निकालते रहें। संतुलित निकासी से बाजार में स्थिरता बनीं रहेगी और किसानों को उचित मूल्य मिल सकेगा। किसान लगातार आलू की निकासी शीतगृहों से करते रहें। जिससे भविष्य में विषम परिस्थितियों से बचाव हो सके
आलू निकासी चरणबद्ध तरीके से करें किसान: सुभाष चन्द्रा
