- कूटरचित जन्म व मृत्यु प्रमाण पत्र बनाने वाले संगठित गिरोह के पांच सदस्य गिरफ्तार
- मोबाइल,आयुष्मान कार्ड, एटीएम,प्रमाण पत्र,नगद रुपए व अन्य सामान बरामद
समृद्धि न्यूज़ लखनऊ। सुनने में शायद विश्वास नहीं होगा लेकिन उत्तर प्रदेश की स्पेशल टास्क फोर्स (एसटीएफ) ने एक ऐसे गिरोह का पर्दाफाश किया है जिसमें बतौर सक्रिय सदस्य एक ग्राम पंचायत अधिकारी साहब संलिप्त थे।ये साहब अपने साथियों के साथ फर्जी वेबसाइट,साफ्टवेयर एवं पोर्टल के माध्यम से अन्तर्राज्यीय स्तर पर कूटरचित जन्म एवं मृत्यु प्रमाण पत्र बनवाते थे।एसटीएफ की धर पकड़ में इस संगठित गिरोह के जिन पांच सदस्यों को गिरफ्तार किया गया है उनका नाम लाल बिहारी पाल,रवि वर्मा,सोनू वर्मा,वंशराज वर्मा तथा सत्यरोहन वर्मा है जो क्रमशः लखनऊ तथा गोण्डा जिले के रहने वाले हैं।दुबग्गा तिराहा एवं ग्राम पिपरा बिटोरा इमलिया, बिशुनपुर बैरिया जनपद गोण्डा से गिरफ्तार किए गए इन आरोपियों के पास से पांच मोबाईल फोन,14 आयुष्मान कार्ड,07 एटीएम,25 फर्जी जन्म प्रमाण पत्र,05 मृत्यु प्रमाण पत्र, 27,690 रूपये नगद,एक डीएल,एक हार्ड डिस्क तथा एक वैगनार कार बरामद हुई है जिसका नंबर यूपी 14 सीएल 6208 है।जानकारी के मुताबिक एसटीएफ को काफी समय से फर्जी वेबसाइट,साफ्टवेयर व पोर्टल के माध्यम से कूटरचित जन्म एवं मृत्यु प्रमाण पत्र बनाने एवं इन्ही प्रमाण पत्रो के माध्यम से अनाधिकृत तरीके से लाभ, फर्जी बैनामा व वसीयत में प्रयोग किये जाने सम्बन्धी सूचनाएं प्राप्त हो रही थी।फर्जी जन्म एवं मृत्यु प्रमाण पत्र बनाने वाले संगठित गिरोह द्वारा सैकड़ो की संख्या में फर्जी पोर्टल विकसित कर फर्जी जन्म एवं मृत्यु प्रमाण पत्र बनाये जा रहे थे।इस सम्बन्ध में एसटीएफ की विभिन्न टीमों/ इकाईयों को अभिसूचना संकलन एवं कार्यवाही हेतु निर्देशित किया गया था।उक्त निर्देश के क्रम में शुधान्शु शेखर,पुलिस उपाधीक्षक एसटीएफ लखनऊ के निकट पर्यवेक्षण में अभिसूचना संकलन की कार्यवाही प्रारम्भ की गयी तथा अभिसूचना तंत्र को सक्रिय किया गया।उपरोक्त क्रम में उप निरीक्षक नरेन्द्र सिंह के नेतृत्व में उपनिरीक्षक विनोद सिंह,मुख्य आरक्षी सरोज अवस्थी,मुकेश प्रजापति,आरक्षी अवनीश कुमार,आरक्षी पुष्प कुमार, कमाण्डो रामबली गिरि एवं राम बिलास,चालक सुभाष एवं रईस अहमद की टीम भ्रमणशील थी। इस दौरान सूचना मिली कि फर्जी जन्म/मृत्यु प्रमाण पत्र बनाने वाले गिरोह का एक सदस्य वाहन संख्या यूपी 14 सीएल 6208 वैगनार कार द्वारा हरदोई से लखनऊ आने वाला है।इस सूचना पर एसटीएफ टीम द्वारा दुबग्गा चौराहे के पास से लाल बिहारी पाल उपरोक्त को गिरफ्तार कर लिया गया,जिसके कब्जे से कूटरचित मृत्यु/जन्म प्रमाण पत्र बरामद हुए।गिरफ्तार किए गए अभियुक्त लाल बिहारी ने पूछताछ में बताया कि वह ग्राम पंचायत अधिकारी के पद पर ग्राम अहिरौरी जनपद हरदोई में सेवारत है।वह अपने साथी रवि वर्मा निवासी गोण्डा के सहयोग से फर्जी जन्म/मृत्यु प्रमाण पत्र बनवाता है।अभियुक्त लाल बिहारी से पूछताछ के आधार पर उसके चार अन्य सहयोगियो को ग्राम पिपरा बिटोरा इमलिया, बिशुनपुर,बैरिया थाना-मोतीगंज जनपद गोण्डा से गिरफ्तार कर लिया गया।गिरफ्तार अभियुक्त रवि वर्मा ने बताया की हम लोग अवैध आर्थिक लाभप्राप्त करने के लिए कुछ महीनों से आनलाइन फर्जी वेबसाइट की कूटरचना कर उक्त वेबसाइट पर अपने साथियों से एक मुश्त रकम लेकर उनको लॉगिन आईडी और पासवार्ड दिया था, जिस पर वह लोग ऑनलाइन लॉगिन करके कूटरचित जन्म/ मृत्यु प्रमाण पत्र तैयार करते थे और उसकी निर्धारित फीस ऑनलाइन लेते थे।इस कार्य के लिए यह स्वयं एवं इसका भाई सोनू वर्मा गूगल,यूट्यूब तथा आर्टीफिशियल इंटेलिजेंस के माध्यम से जन्म/मृत्यु प्रमाण पत्र बनाने वाली वेबसाइट http://dashboarders.in और https://www.cscprintpoint.com बनाकर youstable कम्पनी से होस्ट एवं क्लाउड डेटाबेस से कनेक्ट कराकर फर्जी जन्म/मृत्यु प्रमाण पत्र बनाता था।अभी तक इस गिरोह द्वारा लगभग एक लाख,40 हजार फर्जी जन्म प्रमाण पत्र व 2500 फर्जी मृत्यु प्रमाण पत्र बनाया जा चुका है है।यह लोग प्रति व्यक्ति लगभग 600-1000 रूपये तक लेते थे।रवि वर्मा प्रति जन्म प्रमाण पत्र 30 रूपये व प्रति मृत्यु प्रमाण पत्र 70 रूपये यूपीआई के माध्यम से अपने पिता के खाते में लेता था।रवि वर्मा के विरूद्ध पूर्व में भी थाना कोतवाली नगर,जनपद गोण्डा में मु.अ.सं. 495/2022 धारा 419, 420, 467, 468, 471 भादवि व 66 डी आईटी एक्ट का अभियोग पंजीकृत है।गिरफ्तार अभियुक्तों के विरूद्ध थाना साईबर जनपद लखनऊ में मु0अ0सं0-175/2025 धारा 318(4), 319 (2) 336(3), 338, 340 (2) बीएनएस एवं 73, 74, 66सी, 66डी आईटी का अभियोग पंजीकृत कराया गया है।अग्रेतर विधिक कार्यवाही स्थानीय पुलिस द्वारा की जा रही है।
