उन्नाव, समृद्धि न्यूज। लखनऊ निवासी मुरारी सिंह अपनी बेटी इशिका को RO-ARO परीक्षा दिलाने के लिए ओला कैब से सफर करते हुए गूगल मैप के जरिए हसनगंज पहुंच गए। वहां जानकारी मिली कि परीक्षा केंद्र सफीपुर का राजकीय बालिका इंटर कॉलेज में है। समय कम था, तो उन्होंने फौरन गाड़ी मोड़ी और सफीपुर की ओर रवाना हो गए।
परीक्षा शुरू होने में कुछ समय बचा था और परीक्षा केंद्र रेलवे क्रॉसिंग के पार 500 मीटर की दूरी पर था। क्रॉसिंग बंद देख परीक्षार्थी इशिका ने गाड़ी से उतरकर दौड़ लगाना शुरू कर दिया।
इसी दौरान केंद्र भ्रमण कर लौट रहे सफीपुर कोतवाली प्रभारी एसएन त्रिपाठी की नजर दौड़ती हुई युवती पर पड़ी। हालात समझते ही उन्होंने तुरंत अपनी सरकारी गाड़ी मोड़ी और इशिका को परीक्षा केंद्र तक पहुंचाया। पुलिस अधिकारी ने छात्रा को समय रहते केंद्र में प्रवेश भी दिलाया। घटना से परेशान पिता मुरारी सिंह ने जब बेटी को समय से केंद्र में जाते देखा, तो उन्होंने राहत की सांस ली और कोतवाली प्रभारी का आभार जताते हुए कहा कि कौन कहता है कि पुलिस वालों में इंसानियत नहीं होती।
पैदल दौड़ रही छात्रा को कोतवाली प्रभारी ने अपनी गाड़ी से पहुंचाया परीक्षा केंद्र
