कमालगंज, समृद्धि न्यूज। बीते करीब तीन दिनों से बंूंदाबांदी रुकने का नाम नहीं ले रही है। जिससे किसानों के चेहरों पर फसलों को लेकर चिंता की लकीरें साफ देखी जा रही हैं।
बीते ३ दिनों से शुरू हुई हल्की बारिश तेज हो गई। जिससे कमालगंज ब्लॉक क्षेत्र के कई गांवों में खेतों में जलभराव हो गया। इस बेमौसम बारिश ने आलू और धान की फसलों को भारी नुकसान पहुँचाया है। जिससे किसान खासे चिंतित हैं। तेज बारिश के कारण खेतों में आलू की बोआई पूरी तरह रुक गई है। नालियों का कीचड़ गलियों में भर जाने से भी जनजीवन प्रभावित हुआ। बारिश के साथ चली तेज हवाओं से अचानक ठंड बढ़ गई। जिसके चलते बच्चों और बुजुर्गों ने गर्म कपड़े निकाल लिए। कमालगंज ब्लॉक के कंधरापुर, उस्मानगंज और श्रृंगीरामपुर, सरफाबाद, गुलरिया जैसे गांवों में अत्यधिक पानी गिरने से धान की फसलें खराब हो गईं। आलू की बोआई कर रहे किसान विशेष रूप से परेशान हैं। राजेपुर भूड़ के किसान संदीप चतुर्वेदी ने बताया कि वे आलू बोने के लिए मौसम सही होने का इंतजार कर रहे थे, लेकिन बारिश ने उनकी तैयारियों पर पानी फेर दिया। उन्होंने आशंका जताई कि जिन खेतों में आलू की बुवाई हो चुकी है वहां पानी भरने से फसल सड़ सकती है। जिससे किसानों को बड़ा आर्थिक संकट झेलना पड़ सकता है। वहीं ग्राम पंचायत सरफाबाद के मजरा खेड़ा एवं गुलरिया निवासी सर्वेश कश्यप एवं जर्मन राजपूत द्वारा बताया गया कि इस तरीके की बारिश से धान की फसल पर अत्यधिक प्रभाव पड़ रहा है अगर ऐसे ही बारिश होती रही तो धान खेत में ही पड़ा-पड़ा सड़ जाएगा एवं जो आलू खेत में बुवाई कर दी गई है वह आलू भी सड़ जाएगा।
लगातार जारी बंूदाबांदी से किसानों के चेहरे पर पड़े बल
