समृद्धि न्यूज़ अयोध्या।उ०प्र० राज्य विधिक सेवा प्राधिकरण के दिशानिर्देशन तथा जनपद न्यायाधीश व जिला विधिक सेवा प्राधिकरण अध्यक्ष गौरव कुमार श्रीवास्तव के मार्ग दर्शन में शनिवार को राजकीय संप्रेक्षण गृह किशोर,राजकीय महिला शरणालय और शक्ति सदन (स्वाधार गृह) का निरीक्षण किया गया।यह निरीक्षण आश्रय गृह निरीक्षण समिति सदस्य व अपर जिला एवं सत्र न्यायाधीश श्रीमती नूरी अंसार,प्राधिकरण सचिव व अपर जिला एवं सत्र न्यायाधीश शैलेंद्र सिंह यादव और प्रधान मजिस्ट्रेट किशोर न्याय बोर्ड सुश्री साक्षी सिंह द्वारा संयुक्त रूप से किया गया।निरीक्षण के दौरान राजकीय संप्रेक्षण गृह किशोर में कुल 105 बच्चे संवासित मिले जिसमें अयोध्या जिले से मात्र 24 बच्चें थे,शेष अन्य जनपद के संवासित थे। सहायक अध्यापक श्रीमती रेनू पाण्डेय द्वारा पढ़ाया जा रहा था।बच्चों से पूछने पर उनके द्वारा बताया गया कि प्रातः काल योगा कराया जाता है।संस्था की साफ सफाई संतोषजनक पायी गयी। इस संबंध में पूछने पर बताया गया कि दो नये सफाईकर्मी की भर्ती की गयी है।संस्था में लगे तीनों ए०सी० कार्यरत नही मिले। संस्था अधीक्षक को ए०सी० ठीक कराने हेतु पत्राचार करने का निर्देश दिया गया।कुछ बच्चें टी०वी० देखते पाये गये।कुछ किशोर जिसमें उत्कर्ष यादव, राघव पाण्डेय आदि से बातचीत की गयी।महिला शरणालय में कुल 23 संवासिनियाँ एवं 04 बच्चें संवासित मिले।संस्था की साफ-सफाई संतोषजनक पायी गयी।अधीक्षिका द्वारा बताया गया कि समय समय पर चिकित्सक द्वारा मानसिक रूप से बीमार संवासिनियों को दवा दी जा रही है।अधीक्षिका को संवासिनियों की काउन्सिंलिग कराने तथा विभिन्न सर्वांगीण विकास हेतु गतिविधियाँ कराने का निर्देश दिया गया जिससे उनका सम्पूर्ण विकास हो सके।निरीक्षण समिति द्वारा किशोर/किशोरियों को समझाया गया कि सभी आपस में मिलजुल कर रहे।सचिव श्री यादव द्वारा किशोरों को विधिक जानकारी देते हुए बताया गया कि यदि किसी अपचारी किशोर के पास अधिवक्ता की सुविधा उपलब्ध नहीं है तो उसे जिला विधिक सेवा प्राधिकरण द्वारा अपने मुकदमे की पैरवी हेतु निःशुल्क अधिवक्ता/लीगल एड डिफेन्स काउन्सिल की सुविधा प्रदान की जाती है।जिस किसी अपचारी किशोर को कोई समस्या हो तो वह लीगल एड क्लीनिक के माध्यम से कानूनी सहायता प्राप्त कर सकता है।
