फर्रुखाबाद, समृद्धि न्यूज। विशेष न्यायाधीश गैंगेस्टर एक्ट/अपर जिला एवं सत्र न्यायाधीश पंचम ने राकेश कुमार सिंह ने हत्या के मामले में साक्ष्य के आधार पर एक आरोपी को दोषी करार देते हुए सजा सुनाये जाने के लिए १९ जनवरी की तिथि नियत की है।
कोतवाली मोहम्मदाबाद के आजाद नगर बनपोई निवासी अमरपाल सिंह ने २६ नवंबर १९९९ को मुकदमा दर्ज कराया था। जिसमें दर्शाया था कि मेरे भाई सर्वेश कुमार व दिनेश कुमार अपने लहसुन के खेत में निकाई कर रहे थे और मैं भी साथ में लहसुन की निकाई करवा रहा था। मेरे खेत से दो खेत की दूरी पर सुघर सिहं पुत्र मुलायम सिंह, सुदामा देवी पत्नी सुघर सिंह व उनका लडक़ा सतीश अपने खेत में धान काट रहा था। पास में ही उनका गन्ने का खेत है। समय लगभग १२.३० पर दोपहर हुल्ली पुत्र सियाराम, मुकेश पुत्र जगदीश, नरेश पुत्र बलवीर, मोहन पुत्र नामालूम सभी बहेलिया जाति के निवासी आजाद नगर सकवाई मोहम्मदाबाद सुघर सिंह के धान के खेत पर आये और सुघर सिंह से गन्ना मांगा। मना कर देने पर हुल्ली आदि चारों लोगों ने जबरिया गन्ना तोडऩे को तैयार हो गये,तो सतीश ने हम लोगों को आवाज लगायी कि यह लोग गन्ना तोडऩे जा रहे हैं। आवाज सुनकर मैं अपने दोनों भाइयों के साथ खेत पर पहुंचा और उन लोगों को गन्ना तोडऩे से मना किया। हुल्ली, मोहन, मुकेश, नरेश ने अपनी-अपनी गोट से तमंचा निकालकर हम लोगों को जान से मारने की नियत से फायर किया। जो हमारे भाई सर्वेश की दाहिनी आंख व चेहरे पर व दिनेश कुमार की दाहिने हाथ की हथेली में गोली लगी और सुघर सिंह के सिर में चोट आयी। बचाने के लिए शोर मचाया। आसपास खेतों में काम कर रहे दौडक़र आ गये। जिन्होंने बचाया और घटना देखी। पुलिस ने धारा ३२३, ५०४, ५०६, ३०७ आई.पी.सी. के तहत अभियुक्तगण हुल्ली, मुकेश, नरेश व मोहन सिंह के विरुद्ध रिपोर्ट दर्ज की। इसके बाद मेरे भाई सर्वेश की मौत हो गयी। जिसके बाद पुलिस ने धारा ३०२ की बढ़ोत्तरी मुकदमे में कर दी। मामला सीबीसीआईडी को सौंपा गया। जिसकी विवेचक मनोज कुमार चतुर्वेदी द्वारा की गयी। विवेचक/उप निरीक्षक लक्ष्मी नरायण तथा विवेचना साक्षियों के धारा १६१ सी.आर.पी.सी. के बयान दर्ज कराने के उपरांत अभियुक्त मोहन के विरुद्ध वर्ष २००२ में धारा ३२३, ५०४, ५०६, ३०७, ३०२ के अपराध में आरोप पत्र न्यायालय में दाखिल किया। विशेष न्यायाधीश गैंगेस्टर एक्ट/अपर जिला एवं सत्र न्यायाधीश पंचम ने राकेश कुमार सिंह ने अभियुक्त मोहन को साक्ष्य के आधार पर हत्या के मामले में दोष करार देते हुए सजा पर निर्णय सुनाने के लिए १९ जनवरी की तिथि नियत की है।
