न्यायालय कर्मचारी अमित मिश्रा की संदिग्ध परिस्थिति में हो गयी थी मौत
फर्रुखाबाद, समृद्धि न्यूज। न्यायालय कर्मचारी अमित मिश्रा की संदिग्ध परिस्थिति में हुई मौत के बाद उपजे जनाक्रोश और अदालती कामकाज के ठप होने पर पुलिस प्रशासन ने सख्त रुख अपनाया है। न्यायालय कर्मचारियों के उग्र विरोध प्रदर्शन और कार्य बहिष्कार के दबाव में पुलिस महकमे ने विभागीय स्तर पर बड़ी कार्रवाई करते हुए दो थानाध्यक्षों के कार्यक्षेत्र में बदलाव किया है, जबकि एक दरोगा को निलंबित कर दिया गया है।
जानकारी के अनुसार न्यायालय कर्मचारी संघ के तीखे विरोध और निष्पक्ष कार्रवाई की मांग को देखते हुए वरिष्ठ पुलिस अधिकारियों ने तत्काल प्रभाव से कदम उठाए हैं। राजेपुर थानाध्यक्ष राजीव पांडे को पद से हटाते हुए अमृतपुर थाने की कमान सौंपी गई है। अमृतपुर थानाध्यक्ष दर्शन सिंह को राजेपुर थाने का नया थानाध्यक्ष नियुक्त किया गया है। वहीं मामले की शुरुआती जांच में प्रथम दृष्टया लापरवाही और दोष सिद्ध होने पर दरोगा आशुतोष यादव को तत्काल प्रभाव से निलंबित कर दिया गया है। न्यायालय कर्मचारी संघ और पुलिस के उच्चाधिकारियों के बीच हुई मैराथन वार्ता के बाद यह प्रशासनिक निर्णय लिया गया। कर्मचारी संघ लगातार दोषी पुलिसकर्मियों के खिलाफ सख्त अनुशासनात्मक और कानूनी कार्रवाई पर अड़ा हुआ था। पुलिस प्रशासन ने स्पष्ट किया है कि प्रकरण की निष्पक्ष एवं विस्तृत जांच जारी है। अधिकारियों ने आश्वासन दिया है कि जांच में जो भी अन्य कर्मी या व्यक्ति दोषी पाया जाएगा, उसके खिलाफ बिना किसी पक्षपात के सख्त कार्रवाई की जाएगी।
कर्मचारियों के दबाव के चलते एसपी ने दरोगा को किया निलंबित, दो थानाध्यक्ष बदले
